Pig Butchering Scam: क्या है ‘पिग बुचरिंग’ स्कैम? पहले प्यार के जाल में फंसाया, फिर लगा दी 63.56 लाख की चपत

Pig Butchering Scam: 10 मई को पीड़ित ने जब 1.60 लाख रुपए निकालने की कोशिश की, तो नया पांसा फेंक दिया गया. बताया गया कि पहले 17.66 लाख रुपए टैक्स भरो, तभी पैसा मिलेगा. महिला ने इसे औपचारिक प्रक्रिया बताकर समझाया, लेकिन तभी पीड़ित के खाते पर पुलिस ने लीन मार्क कर दिया
what is Pig Butchering Scam

पिग बुचरिंग स्कैम क्या है? (सांकेतिक तस्वीर)

Pig Butchering Scam: शादी की तलाश में मेट्रिमोनियल साइट पर प्रोफाइल बनाना एक सॉफ्टवेयर कंसल्टेंट को महंगा पड़ गया. खुद को भावी जीवनसाथी बताने वाली महिला ने पहले दिल जीता, फिर दिमाग पर कब्जा किया और आखिरकार साढ़े 63 लाख रुपए से ज्यादा की रकम उड़ाकर फरार हो गई. मामला सामने आते ही पुलिस ने अज्ञात महिला के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज कर जांच तेज कर दी है.

क्या है पूरा मामला?

एडीसीपी क्राइम राजेश दंडोतिया के अनुसार, इंडस सैटेलाइट ग्रीन कॉलोनी, हाल निवासी 45 वर्षीय सॉफ्टवेयर कंसल्टेंट ने डिवोर्स मेट्रिमोनी डॉट कॉम पर प्रोफाइल अपडेट की थी. 12 अप्रैल 2024 को उसकी पहचान कायरा मल्होत्रा उर्फ रुही से हुई. पसंद आने पर चैटिंग शुरू हुई, फिर मोबाइल नंबर और वीडियो कॉल तक बात पहुंच गई. शादी की बातें होने लगीं और महिला ने खुद को पूरी तरह भरोसेमंद साबित कर दिया.

निवेश की बात छेड़ी, मुनाफे का लालच दिया

बातों-बातों में पीड़ित ने शेयर बाजार में रुचि की बात कही. इसी को मौके में बदलते हुए महिला ने फोरेक्स ट्रेडिंग का गुणगान शुरू किया और 15 से 16 प्रतिशत तक पक्के मुनाफे का लालच दिया. महिला उनसे पत्नी जैसा व्यवहार करने लगी और भविष्य की चिंता जताने लगी. चूंकि भावनात्मक जुड़ाव इतना बढ़ गया था कि पीडि़त निवेश के लिए तैयार हो गया. 22 अप्रैल को पीडि़त ने महिला के कहने पर बताई वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन कराया.

एप रिडायरेक्ट होकर पीसी मार्केट एक्सेसडॉटआईसीयू पर खुलता था. इसके बाद महिला ने केवाईसी पूरी करवाई. पहले 40 हजार रुपए निवेश कराए, 15 प्रतिशत मुनाफा दिखाकर भरोसा जमाया. इसके बाद पीड़ित लगातार रकम डालता गया. स्क्रीन पर मुनाफा चमकता रहा और अलग-अलग फंड के नाम पर उनसे 63 लाख 56 हजार रुपए म्यूल खातों में जमा करवा लिए गए.

पैसा निकालते ही निकला टैक्स बम

10 मई को पीड़ित ने जब 1.60 लाख रुपए निकालने की कोशिश की, तो नया पेंच फेंक दिया गया. बताया गया कि पहले 17.66 लाख रुपए टैक्स भरो, तभी पैसा मिलेगा. महिला ने इसे औपचारिक प्रक्रिया बताकर समझाया, लेकिन तभी पीड़ित के खाते पर पुलिस ने लीन मार्क कर दिया. यहीं से उन्हें पूरा खेल समझ में आ गया. उन्होंने तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत की. बुधवार को पुलिस ने अज्ञात महिला के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया. अब जांच मोबाइल नंबर, ई-मेल आईडी और बैंक खातों के आधार पर की जा रही है. पुलिस को आशंका है कि यह संगठित साइबर गिरोह का मामला है.

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क्या है पिग बुचरिंग स्कैम?

  • पहले ऑनलाइन दोस्ती या प्यार का ढोंग किया जाता है.
  • इसके बाद भरोसा और भावनात्मक रिश्ता बनाया जाता है.
  • फिर निवेश का झांसा देकर पैसे ऐंठे जाते हैं.
  • शुरुआत में फर्जी मुनाफा दिखाया जाता है.
  • बड़ी रकम लगते ही टैक्स/फीस का ड्रामा किया जाता है.
  • अंत में ठग पैसे लेकर गायब हो जाता है.

दरअसल, स्लॉटरहाउस में सुअर से ज्यादा से ज्यादा मांस प्राप्त करने के लिए उन्हें खिला-पिलाकर मोटा किया जाता है. इसके बाद उन्हें काट दिया जाता है. इस तरह इंसानों को लालच देकर उनसे पैसे ठगे जाते हैं.

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