Vastu Tips: घर में भगवान की इस दिशा में करें स्थापना, गरीबी होगी दूर और खुलेगा किस्मत का ताला

Vastu Tips For Mandir: घर में पूजा का स्थान होने से नकारात्मकता दूर होती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार बना रहता है. इसके अलावा, परिवार पर भगवान की कृपा भी बनी रहती है. वास्तु शास्त्र में यह भी बताया गया है कि पूजा स्थान का लाभ तभी मिलता है, जब इसकी स्थापना शास्त्रों के नियमों के अनुसार की जाए.
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सांकेतिक तस्वीर

Vastu Tips For Mandir: अक्सर कई लोगों के घरों में पूजा के लिए एक विशेष स्थान होता है, वहीं कुछ लोग घर में देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना करना आवश्यक नहीं मानते. वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर में देवी-देवताओं को स्थापित कर उनकी पूजा करने से जीवन में सुख-शांति आती है. घर में पूजा का स्थान होने से नकारात्मकता दूर होती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार बना रहता है. इसके अलावा, परिवार पर भगवान की कृपा भी बनी रहती है.

वास्तु शास्त्र में यह भी बताया गया है कि पूजा स्थान का लाभ तभी मिलता है, जब इसकी स्थापना शास्त्रों के नियमों के अनुसार की जाए.साथ ही मंदिर का निर्माण और मूर्तियों की दिशा भी सही होनी चाहिए. ऐसे में आइए जानते हैं कि घर के मंदिर में किन देवी-देवताओं की मूर्ति होनी चाहिए और उन्हें किस स्थान पर रखना शुभ होता है.

घर में किस दिशा में देवी-देवताओं को स्थापित करें?

  • वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर के ईशान कोण की दिशा में देवी-देवताओं को विराजना चाहिए.
  • अगर किसी कारण से ईशान कोण की दिशा में मूर्ति स्थापित नहीं कर सकते, तो पूर्व दिशा का भी प्रयोग किया जा सकता है.
  • वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि अगर आप किसी फ्लैट में रहते हैं, तो ध्यान दें कि सूर्य का प्रकाश पूजा घर में ना जाए.
  • वहीं जिस स्थान पर आप मूर्ति स्थापित कर रहे हैं, उस जगह का रंग हल्का पीला या सफेद रखें ये कलर शुभ माने जाते हैं.
  • पूजा का स्थान एक जगह होना चाहिए, बार-बार बदलना अशुभ माना जाता है.

घर में कैसे करें देवी-देवताओं की स्थापना?

  • वास्तु शास्त्र के अनुसार, मंदिर की आकृति ना रखें. इसके बजाय आप घर में एक पूजा का स्थान चुने.
  • पूजा स्थान पर कई देवी-देवताओं को स्थापित ना करें. भगवान के चित्र या मूर्ति की स्थापना एक आसन या चौकी पर करें.
  • मूर्ति की स्थापना 12 अंगुल से ज्यादा नहीं होनी चाहिए.
  • इसके अलावा, पूजा के स्थान पर शंख, गोमती चक्र और एक पात्र में साफ जल भरकर जरूर रखें. 

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पूजा करने के क्या नियम हैं?

  • वास्तु शास्त्र के अनुसार, दोनों टाइम पूजा करने का सही समय नियम बनाएं और रोजाना इसी समय पर पूजा करें.
  • संध्या टाइम पूजा करते समय दीपक जरूर जलाएं और दीपक को पूजा स्थान के बीच में रखें. ऐसा करने से भगवान प्रसन्न होते हैं.
  • पूजा करते समय भजन कीर्तन के साथ मंत्र का जाप करें. इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा आती है.
  • मंदिर हमेशा साफ रखें. क्योंकि वहां भगवान का वास है. साथ ही एक लोटे में पानी भरकर जरूर रखें.
  • कोई भी पूजा करते समय गायत्री मंत्र का जाप जरूर करें.
  • पूजा करने के बाद चढ़ाए गए प्रसाद को सभी को बाटें और खुद भी ग्रहण करें.

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