एशियन गेम्स में गजब की लापरवाही! महिला जिमनास्ट प्रणति नायक और कोच अशोक मिश्रा को अलॉट हुआ एक ही कमरा, मचा हड़कंप

Gymnast Pranati Nayak, Coach Share Room: जापन के नागोया में खेल गांव के रूप में इस्तेमाल हो रहे क्रूज शिप में ठहराव के दौरान भारतीय महिला जिमनास्ट प्रणति नायक और कोच अशोक मिश्रा को एक ही कमरा अलॉट कर दिया गया.
Pranati Nayak or Ashok Mishra

प्रणति नायक और अशोक मिश्रा

Gymnast Pranati Nayak, Coach Share Room: जापान के नागोया में आयोजित एशियन गेम 2026 के बीच भारतीय दल से जुड़ी एक ऐसी घटना सामने आ गई है, जिसने आयोजन में की गई व्ययस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं. जापन के नागोया में खेल गांव के रूप में इस्तेमाल हो रहे क्रूज शिप में ठहराव के दौरान भारतीय महिला जिमनास्ट प्रणति नायक और कोच अशोक मिश्रा को एक ही कमरा अलोट कर दिया गया.

प्रणति नायक और कोच अशोक मिश्रा को अलॉट हुआ एक ही कमरा

दरअसल भारतीय स्टार महिला जिमनास्ट प्रणति नायक और जिम्नास्टिक कोच अशोक मिश्रा लगभग 30 घंटे से ज्यादा का हवाई सफर तय करके आधी रात नागोया पहुंचे. नागोया पहुंचते ही दोनों को भारी मिसमैनेजमेंट का सामना करना पड़ा. जैसे ही प्रणति और अशोक को इस अजीबोगरीब अलॉट के बारे में पता चला तो दोनों ने इसका विरोध किया और अलग कमरों की मांग की. मामला बढ़ता देख भारतीय ओलंपिक संघ के आधिकारियों ने आधी रात मोर्चा संभाला और दोनों को अलग-अलग कमरों में शिफ्ट किया.

यह भी पढ़ें: एशियन गेम्स और अफगानिस्तान सीरीज से पहले टीम इंडिया में बड़ा फेरबदल, हर्षित राणा की जगह इस खिलाड़ी को मिला मौका

आधी रात में कोच को बैठना पड़ा बाहर

सेम रूम के अलॉट होने के साथ-साथ इस दौरान एक और बवाल देखने को मिला. दरअसल, नागोया पहुंचे के बाद जब कोच अशोक मिश्रा क्रूज शिप के एंट्री पर पहुंचे तो गेट पर उन्हें एक पर्ची दी गई, जिसमें उनका नाम दर्ज था. इसके बाद उन्हें अंदाज जाने दिया गया. लेकिन जैसे ही वह रिसेप्शन पर पहुंचे तो रजिस्टर में उनका नाम दर्ज नहीं था. जिसके चलते उन्हें देर रात 1 से 2 बजे के बीच लगभग 45 मिनट तक होटल के बाहर बैठना पड़ा.

दर्ज था गलत नाम

हालांकि, बाद में जब जांच हुई तो पता चला कि रजिस्टर में दर्ज उनके नाम की स्पेलिंग में ‘MISHRA’ में से ‘I’ गायब था और एरर के चलटे उनका नाम ‘MSHRA’दर्ज हो गया, जिसके बाद सिस्टम में उनका नाम ढूंढने में परेशानी हुई. इसके बाद भारतीय ओलंपिक संघ के आधिकारियों ने नागोया में स्थानीय आयोजन समिति से बातचीत की और मामले को सुलझाया.

ज़रूर पढ़ें