Bharatmala Project Scam: भारतमाला परियोजना के अंतर्गत जमीन अधिग्रहण और भारी मुआवजे के वितरण में राज्य में एक बड़ा घोटाला सामने आया था. इस घोटाले में सरकारी अधिकारियों, भू-माफियाओं और कई बिचौलियों की मिलीभगत के साथ करोड़ो रुपये का घोटाला किया गया.
CG News: वर्ष 2020 से 2024 के बीच भारतमाला परियोजना के भूमि अधिग्रहण के दौरान आरोपियों ने आपराधिक षड्यंत्र कर फर्जी दस्तावेज तैयार किए. इन दस्तावेजों के माध्यम से शासन द्वारा पहले से अधिग्रहित भूमि को दोबारा शासन को बेचने, फर्जी बंटवारे और नामांतरण करने, असली भूमि मालिक की जगह किसी और को मुआवजा देने और निजी भूमि को सरकारी दिखाकर मुआवजा हड़पने जैसे गंभीर अपराध किए गए
CG News: भारतमाला प्रोजेक्ट घोटाला मामले में EOW की विशेष कोर्ट में 10 आरोपियों के खिलाफ EOW ने 7600 पन्नों का चालान पेश किया है.
CG News: भारतमाला परियोजना के अंतर्गत रायपुर-विशाखापट्नम इकॉनामिक कॉरिडोर के मुआवजे में घोटाले की जांच में देरी हो रही है. वहीं आज इसे लेकर कमिश्नर समीक्षा करेंगे.
CG News: भारतमाला परियोजना में हुए करोड़ों के मुआवजा घोटाले की जांच तेज हो गई है. इस घोटाले में नामजद तहसीलदार शशिकांत कुर्रे के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया है. उन्हें 29 जुलाई तक कोर्ट में पेश होने का अंतिम मौका दिया गया है.
इन 6 अधिकारियों में अनुविभागीय अधिकारी(राजस्व) निर्भय कुमार साहू, तहसीलदार शशिकांत कुर्रे, नायब तहसीलदार लखेश्वर प्रसाद किरण, पटवारी जितेन्द्र कुमार साहू, पटवारी बसंती धृतलहरे और पटवारी लेखराम देवांगन का नाम शामिल है.