बुंदेलखंड हमेशा से वीरता और आत्मसम्मान की कहानियों के लिए जाना जाता है. ये कहानी भी आत्मसम्मान से जुड़ी हुई है. ये कहानी है बुंदेलखंड के 'दशरथ मांझी' की. आइए जानते हैं.