सेलिना ने आगे लिखा, 'कभी-कभी एक महिला की प्रताड़ना सामान्य बन जाती है और महिला का दर्द आसपास के लोगों के लिए मैटर नहीं करता है. कभी ये तन्हाई होता है. ये धीरे-धीरे आपको बाकी दुनिया से अलग कर देता है. बाहर की दुनिया के लोगों को लगता है कि आप एक बेहतरीन जिंदगी जी रहे हैं. लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं होता है कि आप किस दर्द में हैं.'