दिग्विजय सिंह ने कहा, 'मैंने हिंदू आतंकवाद की बात कभी नहीं कही. हर धर्म प्रेम और अहिंसा का रूप है. केवल कुछ लोग होते हैं जो कि धर्म को नफरत की तरह इस्तेमाल करते हैं. वही लोग आतंकवाद को बढ़ावा देते हैं.'
अगर कसाब न पकड़ा जाता तो उस फर्जी थ्योरी के चिथड़े भी न उड़ते. हालांकि, आरोपों पर बाद में दिग्विजय ने कहा था कि उन्होंने कभी भगवा आतंकवाद शब्द का कभी इस्तेमाल नहीं किया है, बल्कि संघी आतंकवाद शब्द का इस्तेमाल किया है.
संसद में वक्फ बिल का विरोध करने पर कुछ दिन पहले मध्य प्रदेश के अलग-अलग जिलों में दिग्विजय सिंह के खिलाफ पोस्ट लगे थे. जिसमें दिग्विजय को गद्दार बताया गया था.
Waqf Amendment Bill: बीती रात वक्फ बिल पर चर्चा के दौरान राज्यसभा में उस समय माहौल गरमा गया जब भाजपा सांसद सुधांशु त्रिवेदी अपनी बात रखी. जिसके बाद दिग्विजय सिंह ने सुधांशु की बात पर आपत्ति जताई तो अमित शाह ने उनपर पलटवार किया.
मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह की जमीन को UP में धाखेधड़ी से बेचने का मामला सामने आया है. आरोपी ने खुद दिग्विजय बनकर जमीन का सौदा कर दिया.
दिग्विजय सिंह ने कहा मुझे न पंडित लिखने में ऐतराज न मौलाना लिखने में ऐतराज, न संत महात्मा न फादर लिखने में एतराज है.
सौरभ शर्मा के मामले में राजनीति भी गर्मा गई है. एमपी के दो बड़े नेता गोविंद सिंह राजपूत और दिग्विजय सिंह आमने सामने आ गए हैं.
MP News: मध्य प्रदेश के पूर्व CM दिग्विजय सिंह और केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान इन दिनों अपने-अपने बयानों के लेकर सुर्खियों में छाए हुए हैं. जानें पूरा मामला-
डॉ. जाटव ने सवाल किया कि कांग्रेस की सरकारों के दौरान कितने मुसलमानों को सरकारी नौकरियों में आरक्षण मिला और उनके लिए क्या काम किया गया?
उन्होंने लिखा है कि चूंकि वर्तमान में देश के कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान हैं जो मध्यप्रदेश के लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहे है तथा यह मामला मध्यप्रदेश से ही उजागर हुआ है इसलिये कृषि मंत्री और मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री होने के नाते इस मामले की जांच कराने का सरकार का दायित्व और अधिक बढ़ जाता है.