यशस्वी ने एक और खास रिकॉर्ड भी अपने नाम किया है. यशस्वी ने केएल राहुल के साथ मिलकर 100 रन की पार्टनरशिप की. ये साल 2004 के बाद पहली बार है जब किसी भारतीय ओपनिंग जोड़ी ने 100 रन की पार्टनरशिप कि है. इससे पहले ऐसा साल 2004 में वीरेंन्द्र सहवाग और आकाश चोपरा की जोड़ी ने किया था.
IND vs AUS: पर्थ में खेले जा रहे बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के पहले मैच में ऑस्ट्रलियाई टीम पहली पारी में 104 रनों पर ऑल-आउट हो गई है. ऑस्ट्रलिया के लिए सबसे ज्यादा रन तेज गेंजबात मिचेल स्टार्क ने बनाए. स्टार्क ने 2 चौकों के साथ 26 रन की पारी खेली.
साल 2024 में अब तक कुल 18 भारतीय खिलाड़ी इस साल टेस्ट क्रिकेट में डक पर आउट हो चुके हैं. यह आंकड़ा भारतीय क्रिकेट के इतिहास में सबसे ज्यादा है. इससे पहले 1983 और 2008 में यह संख्या 17 थी.
IND vs AUS: पर्थ में खेले जा रहे बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के पहले मैच में ऑस्ट्रेलिया की पहली पारी की शुरुआत खराब रही है. ऑस्ट्रेलिया के 31 रन पर 4 विकेट गिर चुके हैं. मिचेल मार्श और मार्नस लाबुशेन अभी क्रीज पर मौजूद है.
भारतीय क्रिकेट टीम की कप्तानी तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह करेंगे, जबकि ऑस्ट्रेलिया का नेतृत्व पैट कमिंस करेंगे. टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में यह छठी बार होगा जब दो तेज गेंदबाज एक ही टेस्ट मैच में कप्तानी करते नजर आएंगे.
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पाकिस्तान अगर हाइब्रिड मॉडल पर टूर्नामेंट का अयोजन करने से मना करता है तो मेजबानी भारत को सौंपी जा सकती है. ICC ने BCCI के साथ इस बारे चर्चा शुरू कर दी है. बीच में साउथ अफ्रीका को भी चैंपियंस ट्रॉफी की मेजबानी के लिए एक ऑप्शन देखा जा रहा था.
द वॉन्डेरर्स मैदान के इतिहास को देखते हुए तीन तेज गेंदबाजों को खिलाना टीम इंडिया के लिए सही साबित हो सकता है. यह भी संभव है कि टीम एक स्पिनर को बाहर कर तीसरे तेज गेंदबाज को शामिल करे.
भारतीय टीम घर के बाहर 100 टी20 इंटरनेशनल मैच जीतने वाली दुनिया की सिर्फ दूसरी टीम बन गई है. इससे पहले यह कारनामा सिर्फ पाकिस्तान ने किया था, जिसने विदेशी मैदानों पर 203 मैचों में 116 मुकाबले अपने नाम किए हैं.
तिलक वर्मा ने अपने इस शतक के साथ कई रिकॉर्ड अपने नाम कर लिए. वह टी20 इंटरनेशनल में शतक लगाने वाले दूसरे सबसे युवा भारतीय बल्लेबाज बन गए.
वरुण चक्रवर्ती इस सीरीज में अपने जबरदस्त प्रदर्शन से सबका ध्यान खींच रहे हैं. अब तक खेले गए दो मैचों में उन्होंने 8 विकेट अपने नाम किए हैं, जिससे वह एक टी20 द्विपक्षीय सीरीज में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाज बनने के करीब पहुंच गए हैं. यह रिकॉर्ड रविचंद्रन अश्विन और रवि बिश्नोई के नाम है.