‘अब खुद पर विचार करना होगा…’,यूपी विधानसभा में क्‍यों भावुक हुए स्पीकर सतीश महाना? र‍िटायर होने की तैयारी!

up assemby session: उत्तर प्रदेश में विधानसभा का मानसून के दौरान सतीश महाना ने कहा कि उनके राजनीतिक जीवन का यह आख‍िरी सत्र हो सकता है. इसके बाद अटकलों का बाजार गर्म हो गया.
स्पीकर सतीश महाना

स्पीकर सतीश महाना

Speaker Satish Mahana: उत्तर प्रदेश में विधानसभा का मानसून सत्र चल रहा है. इस दौरान राम मंदिर चढ़ावा चोरी विवाद को लेकर जारी राजनीतिक टकराव देखने को मिल रहा है. इन सब के बीच विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना भावुक नजर आए. सदन में लगातार हो रहे हंगामे पर उन्होंने गहरी नाराजगी और पीड़ा जताई है. उन्‍होंने कहा कि उन्हें अब यह भी सोचना पड़ेगा कि क्या वे इस जिम्मेदारी के योग्य हैं.

महाना ने कहा कि पिछले कई सालों से उनकी कोशिश रही है कि विधानसभा की गरिमा बनी रहे. इसके साा ही पक्ष-विपक्ष के बीच स्वस्थ लोकतांत्रिक माहौल कायम हो. लेकिन, हाल की घटनाओं ने उन्हें निराश किया है. उन्होंने यह भी संकेत दिया कि उनका राजनीतिक जीवन अंतिम चरण में है. मौजूदा घटनाक्रम उन्हें आत्ममंथन के लिए मजबूर कर रहा है.

किस बात को लेकर नाराज हुए महाना?

दरअसल, समाजवादी पार्टी राम मंदिर से जुड़े चंदा और चढ़ावे के कथित गबन के मुद्दे पर सदन में चर्चा की मांग कर रही है. इसी मुद्दे को लेकर विपक्ष ने लगातार विरोध प्रदर्शन किया. जिससे सदन की कार्यवाही कई बार बाधित हुई. हंगामे के दौरान स्पीकर और विपक्षी विधायकों के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली.

सतीश महाना की अपील

सतीश महाना ने सभी दलों से अपील करते हुए कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं. लेकिन, विधानसभा की मर्यादा और लोकतांत्रिक परंपराओं का सम्मान हर जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियां सदन के आचरण से ही लोकतंत्र की सीख लेंगी. इसलिए सभी को संयम और जिम्मेदारी के साथ व्यवहार करना चाहिए.

महाना के इस तरह के बयान के बाद माना जा रहा है कि वह आने वाले समय में राजनीति से सन्‍यास ले सकते हैं. या फि‍र वे अपनी राजनीति को लेकर कोई बड़ा कदम उठा सकते हैं.

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