Ambikapur: अंबिकापुर में तालाब के नाले पर अवैध कब्जा, होटल मालिक ने बनाया बाउंड्रीवाल, प्रशासन ने चलाया बुलडोजर
अवैध कब्जे में चला बुलडोजर
Ambikapur: अंबिकापुर नगर निगम में आज एक बड़ी कार्रवाई हुई. अंबिकापुर के भाथु तालाब से निकलने वाले नाला में होटल मालिक के द्वारा किए गए कब्जे से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की. यहां चार जेसीबी मशीन लगाकर अतिक्रमण को हटाया गया, यहां पर होटल संचालक मुकेश अग्रवाल के द्वारा करीब एक एकड़ जमीन पर कब्जा किया गया था और बाउंड्री वॉल बनाने की तैयारी की जा रही थी.
सबसे बड़ी बात तो यह है कि होटल संचालक के द्वारा भाथु तालाब से निकलने वाले उस जल क्षेत्र में मिट्टी डालकर कब्जा किया जा रहा था, जो बेहद प्राचीन तालाब है, हालांकि इस कार्रवाई के बाद कब्जाधारियों में हड़कंप का माहौल है, लेकिन सवाल उठ रहे हैं कि आखिर जब अतिक्रमण किया जाता है तब नगर निगम और जिला प्रशासन के अधिकारी और खासकर पटवारी खामोश क्यों थे?
अंबिकापुर में तालाब के नाले पर अवैध कब्जा
अंबिकापुर के रिंग रोड में स्थित पर्पल होटल के संचालक मुकेश अग्रवाल के द्वारा भाथु तालाब के नाला में अतिक्रमण किया गया था. इसकी शिकायत कलेक्टर के अलावा नगर निगम प्रशासन से भी की गई थी. इसके बाद नगर निगम प्रशासन और जिला प्रशासन में मौके पर पहुंचकर जांच की थी तब अतिक्रमण कर कब्जा करने का खुलासा हुआ था. इसके बाद नगर निगम आयुक्त ने मुकेश अग्रवाल को नोटिस जारी करते हुए अतिक्रमण हटाने के लिए कहा था, लेकिन इसके बाद भी अतिक्रमण नहीं हटाया गया और आज सुबह प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और तालाब के नाला में किए गए कब्जा को हटाया गया. यहां पर बाउंड्री वॉल निर्माण किया जा रहा था.
बताया जा रहा है कि होटल का विस्तार करने के लिए हाथ से यह अतिक्रमण किया गया था और इसके बाद धीरे-धीरे इस जमीन का भी पट्टा भी बनवाया जा सकता था, ऐसा इसलिए क्योंकि अंबिकापुर में कई सरकारी और तालाब की जमीन का फर्जी पट्टा राजस्व विभाग के अधिकारियों की मिली भगत से बन चुका है और उसके बाद फिर माफिया उसे करोड़ों रुपए में प्लाटिंग कर बेच भी चुके हैं.
ये भी पढ़ें- CG Board Result 2026: लाखों छात्रों का इंतजार खत्म! 29 अप्रैल को इतने बजे जारी होगा 10वीं-12वीं का रिजल्ट
प्रशासन ने चलाया बुलडोजर
इस पूरे मामले की शिकायत पार्षद शुभम जायसवाल ने कलेक्टर और नगर निगम कमिश्नर से की थी. अंबिकापुर शहर में इसके अलावा रिंग बांध तालाब का भी फर्जी तरीके से रजिस्ट्री करने का मामला सामने आया है. यहां भी तालाब की जमीन का फर्जी दस्तावेज तैयार कर आजादी इराकी नामक एक व्यक्ति ने अपने नाम पर तालाब की जमीन अपने नाम करा ली है और उस तालाब को बाटने की तैयारी चल रही थी लेकिन इसकी जानकारी प्रशासन और शहर के लोगों को मिली इसके बाद लोगो ने इसका विरोध शुरू किया और फिर फिलहाल तहसील न्यायालय से तालाब को पाटने पर स्टे लगा दिया है.