MPPSC का बड़ा फैसला, नवंबर 2026 से छात्र देख सकेंगे मेन परीक्षा की कॉपियां, 2019 से 2024 तक के अभ्यर्थियों को मिलेगा मौका

MPPSC Mains Answer Copy View: MPPSC के नए आदेश के अनुसार, उम्मीदवार अब अपनी मुख्य परीक्षा की कॉपियां देख सकेंगे. इस सुविधा की शुरुआत नवंबर 2026 से सबसे पहले साल 2019 की मुख्य परीक्षा के साथ होगी. इसके बाद साल 2020 से लेकर 2024 तक की बाकी मुख्य परीक्षाओं की कॉपियां भी बारी-बारी से देखने को मिलेंगी.
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Candidates Answer Sheet Access: राज्य सेवा मुख्य परीक्षा के छात्रों के लिए बहुत ही जरूरी खबर सामने आई है. मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) ने छात्रों के हित में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है. आयोग ने राज्य सेवा मुख्य परीक्षा-2019 से लेकर राज्य सेवा मुख्य परीक्षा-2024 तक की उत्तर पुस्तिकाओं के जांच की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्णय लिया है. आयोग के इस फैसले के बाद अभ्यर्थी अपनी आंसरशीटखुद देख सकेंगे.

छात्र राज्य सेवा मुख्य परीक्षा की कॉपियां देख सकेंगे

MPPSC के नए आदेश के अनुसार, उम्मीदवार अब अपनी मुख्य परीक्षा की कॉपियां देख सकेंगे. इस सुविधा की शुरुआत नवंबर 2026 से सबसे पहले साल 2019 की मुख्य परीक्षा के साथ होगी. इसके बाद साल 2020 से लेकर 2024 तक की बाकी मुख्य परीक्षाओं की कॉपियां भी बारी-बारी से देखने को मिलेंगी.

ये छात्र देख सकेंगे अपनी कॉपियां

आयोग ने साफ किया है कि कॉपिया देखने का यह मौका केवल उन उम्मीदवारों को मिलेगा जिन्होंने मुख्य परीक्षा का मेन पार्ट दिया था. योग्य छात्र तय किए गए नियमों के अनुसार फॉर्म भरकर अपनी उत्तर पुस्तिकाएं देख सकेंगे.

आंसरशीट देखने के लिए ऑनलाइन करना होगा आवेदन

बता दें कि जो उम्मीदवार अपनी कॉपियां देखना चाहते हैं, उन्हें आयोग के नियमों के अनुसार ऑनलाइन फॉर्म भरना होगा. जब आवेदन मंजूर हो जाएगा तब छात्रों को इंदौर में बने आयोग के ऑफिस जाना होगा. वहां उन्हें मिले तय समय और स्लॉट के हिसाब से खुद अपनी आंसरशीट देखने का मौका मिलेगा.

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दिशा-निर्देश जल्द जारी होंगे

MPPSC ने बताया है कि फॉर्म कैसे भरना है, डेट क्या होंगी, कौन से डॉक्यूमेंट्स लगेंगे और कितनी फीस होगी, इसकी पूरी जानकारी जल्द ही ऑफिशियल वेबसाइट पर आएगी. छात्रों से कहा गया है कि वे वेबसाइट लगातार चेक करते रहें ताकि कोई भी ज़रूरी जानकारी न छूटे. इस नए कदम से कॉपियां जांचने के काम में पारदर्शिता आएगी और छात्र अपनी कमियों को सुधारकर लिखने का तरीका भी बेहतर कर सकेंगे.

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