भिलाई स्टील प्लांट में लोहा चोरी के आरोपों पर सियासत तेज, विधायक रिकेश सेन ने DGP को लिखा पत्र… अमित शाह ने लिया संज्ञान
रायपुर/भिलाई. भिलाई इस्पात संयंत्र से कथित तौर पर लंबे समय से हो रही लोहा चोरी के मामले ने अब राजनीतिक और पुलिस महकमे में हलचल बढ़ा दी है. वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन ने छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम को पत्र भेजकर मामले की व्यापक जांच की मांग की है.
विधायक ने कथित लोहा चोरी के नेटवर्क के मुख्य सूत्रधारों तक पहुंचने और पूरे मामले की जांच पकड़े गए आरोपियों से आगे बढ़ाने की मांग की है. विधायक रिकेश सेन ने अपने पत्र में दावा किया है कि पिछले करीब 40 वर्षों में भिलाई इस्पात संयंत्र से करीब 10 हजार करोड़ रुपए के लोहे की चोरी हुई है. हालांकि, चोरी की अवधि और बताई गई राशि से जुड़े इस दावे की स्वतंत्र जांच और आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है. वहीं विधायक शनिवार को दिल्ली पहुंचे है, बताया जा रहा है कि वे दिल्ली में Sail के अधिकारियों, सीबीआई डायरेक्टर और सीआईएसएफ अधिकारियों से मुलाकात कर सकते है.
100 से ज्यादा गाड़ियों को काटने का दावा
विधायक ने आरोप लगाया कि जिन गाड़ियों का इस्तेमाल कथित तौर पर लोहा चोरी में किया जाता था, उनमें से 100 से अधिक वाहनों को रातों-रात काट दिया गया. उन्होंने DGP से आरटीओ के रिकॉर्ड के जरिए इन वाहनों और उनके मालिकों की जानकारी जुटाने की मांग की है, ताकि कथित तौर पर शामिल ट्रांसपोर्टरों तक पहुंचा जा सके. उन्होंने बीएसपी अधिकारियों की भूमिका की भी जांच की मांग की है. विधायक का सवाल है कि चोरी के मामलों में ट्रांसपोर्टरों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के बजाय कथित तौर पर वाहनों को ब्लैकलिस्ट क्यों किया जाता था. साथ ही स्क्रैप के टेंडर और प्लांट से बाहर निकलने वाले माल के वजन तथा जांच प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए गए हैं.
पुलिस जांच पर भी उठाए सवाल
रिकेश सेन ने आरोप लगाया कि मामले की जांच फिलहाल जिन लोगों तक सीमित है, वे कथित लोहा चोरी के पूरे नेटवर्क का हिस्सा नहीं हैं. उन्होंने दावा किया कि रसमड़ा स्थित एक फैक्ट्री में बीएसपी से चोरी किया गया लोहा पहुंचता था और इस पहलू की भी जांच होनी चाहिए. विधायक ने पुलिस पर राजनीतिक पक्षपात के आरोप भी लगाए. उन्होंने सवाल उठाया कि एक भाजपा मंडल के कोषाध्यक्ष के खिलाफ कार्रवाई को लोहा चोरी से जोड़कर क्यों देखा जा रहा है, जबकि उनके मुताबिक कथित चोरी का नेटवर्क कई वर्षों पुराना है. हालांकि इन आरोपों की भी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है.
वन मंत्री ने कहा- विधायक की बातों का पूरा सम्मान होगा
मामले पर वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि रिकेश सेन सम्माननीय विधायक हैं और इस विषय को लेकर उनसे चर्चा भी हुई है. उनकी बातों का पूरा सम्मान किया जाएगा.
बृजमोहन अग्रवाल बोले- केंद्र और राज्य सरकार ने लिया संज्ञान
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि रिकेश सेन भिलाई के विधायक हैं और अपने क्षेत्र से जुड़े मामले को लेकर चिंता करना स्वाभाविक है. उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य शासन ने मामले का संज्ञान लिया है और कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल विधायक की ओर से लगाए गए गंभीर आरोपों के बाद मामले की निष्पक्ष और विस्तृत जांच की मांग तेज हो गई है. अब जांच में यह स्पष्ट होना बाकी है कि बीएसपी से कथित लोहा चोरी का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें कौन-कौन लोग शामिल रहे हैं.