राकेश कुमार

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राकेश कुमार विस्तार न्यूज़ में वरिष्ठ उप संपादक सह संवाददाता के पद पर हैं. यहां वो डेटा स्टोरीज, एक्सप्लेनर के अलावा इन डेप्थ खबरों पर काम करते हैं. माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में मास्टर्स डिग्री हासिल कर चुके राकेश को रिसर्च में इंटरेस्ट है. इन्हें राजनीति के अलावा बिजनेस, मनोरंजन और लीगल न्यूज स्टोरीज पर काम करना पसंद है. काम के इतर बात करें, तो राकेश को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है. पूर्व में राकेश सहारा समय नेशनल न्यूज़ चैनल, फीवर FM, APN न्यूज़ और भारत एक्सप्रेस जैसे संस्थानों से जुड़े थे.

Bermuda Triangle

‘शैतानी त्रिकोण’ का वो खौफनाक सच, जिसने निगल लिए सैकड़ों जहाज़ और विमान!

बरमूडा ट्रायंगल को लेकर अनगिनत कहानियां हैं. कई दावे भी किए जाते हैं. कुछ लोग इसे अलौकिक शक्तियों का परिणाम मानते हैं, जो जहाज़ों और विमानों को अपनी ओर खींच लेती हैं. वहीं, कुछ ऐसे भी हैं जो इसे समुद्री तूफानों, गैस विस्फोटों या इंसानी गलतियों का नतीजा मानते हैं.

UP Crime

यूपी में ‘सोनम रघुवंशी पार्ट-2’, शादी से एक दिन पहले कराया दूल्हे का कत्ल, प्रेमी संग रची भयानक साजिश!

जांच में सामने आया कि निहाल की मंगेतर गुलअफ्शां पहले से ही सद्दाम नाम के एक युवक से प्यार करती थी. गुलअफ्शां ने इस बात को छिपाकर निहाल से सगाई तो कर ली थी, लेकिन जैसे-जैसे शादी की तारीख नज़दीक आती गई, गुलअफ्शां और सद्दाम के बीच फिर से संपर्क बढ़ा.

Neeraj Grover Murder Case

प्रेमी के 300 टुकड़े किए, फिर लाश के पास किया ‘संभोग’…एक क्रूर हीरोइन जो थी सोनम रघुवंशी की भी ‘गुरु’!

मारिया पहले से ही जेरोम मैथ्यू नाम के एक आर्मी ऑफिसर से रिलेशनशिप में थीं और उनकी सगाई भी होने वाली थी. यह बात उन्होंने नीरज से छिपाए रखी. कुछ समय तक नीरज के साथ लिव-इन में रहने के बाद, मारिया को लगा कि नीरज उनकी मदद नहीं कर पा रहा है, इसलिए उन्होंने अलग घर में शिफ्ट होने का फैसला किया.

Bihar News

प्राइवेट पार्ट में डाला मिर्च, आयरन से दागा…अफेयर के शक में पत्नी से हैवानियत

कहते हैं ना, इंसानियत अभी ज़िंदा है. पड़ोसियों को महिला पर हो रहे अत्याचार का पता चला तो उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी. 15 जून को महिला का भाई उसके ससुराल आया और उसे अस्पताल पहुंचाया. महिला की हालत गंभीर है और उसका इलाज चल रहा है.

India Cyprus Relation

साइप्रस पहुंचकर PM मोदी ने तुर्की को दे दिया सिरदर्द! समझिए भारत की ‘एक्ट वेस्ट’ नीति से ‘आतंकिस्तान के दोस्त’ को कैसे लगा करारा झटका

पीएम मोदी का साइप्रस दौरा सिर्फ एक साधारण यात्रा नहीं थी, बल्कि भारत की एक बहुत ही स्मार्ट कूटनीतिक चाल थी. यह परोक्ष रूप से तुर्की के क्षेत्रीय प्रभाव को चुनौती दे रही है, खासकर तुर्की-पाकिस्तान की धुरी को देखते हुए. यह दिखाता है कि भारत अब सिर्फ बातें नहीं कर रहा, बल्कि जमीनी स्तर पर भी अपनी ताकत बढ़ा रहा है.

G7 Summit

“इजरायल को रक्षा का हक, परमाणु हथियार नहीं रख सकता ईरान”, G7 देशों के नेताओं ने ऐसा क्यों कहा?

इजरायल को अपनी रक्षा का हक G7 देशों, कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, यूनाइटेड किंगडम और अमेरिका ने अपने साझा बयान में दिल खोलकर इजरायल के साथ खड़े होने की बात कही. उन्होंने साफ कहा कि इजरायल को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है.

Raja Raghuvanshi Murder Case

आटा चक्की से करोड़ों का सफर, सोनम रघुवंशी के पिता के पास कहां से आया इतना पैसा? रिश्तेदारों के नाम पर भी हैं कई अकाउंट!

शुरुआत में संघर्ष था. देवी सिंह को इस नए व्यवसाय में काफ़ी नुकसान हुआ. एक समय ऐसा भी आया जब उन्हें अपनी पैतृक संपत्ति बेचनी पड़ी. लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी. 35 लाख रुपये से उन्होंने फिर से प्लाईवुड का काम शुरू किया और इस बार किस्मत ने उनका साथ दिया. धीरे-धीरे उनका कारोबार रफ्तार पकड़ने लगा.

वैभव के साथ अयान राज

134 गेंद, 41 चौके और 22 गगनचुंबी छक्के…बिहार को मिल गया एक और ‘वैभव सूर्यवंशी’, 13 साल की उम्र में कर दिया कमाल

अयान ने अपनी इस तूफानी पारी में सिर्फ 134 गेंदों का सामना किया और 244 के स्ट्राइक रेट से रन बनाए. उनकी पारी में 41 शानदार चौके और 22 गगनचुंबी छक्के शामिल थे. आपको जानकर हैरानी होगी कि अयान के कुल 327 रनों में से 296 रन तो सिर्फ बाउंड्री से ही आए.

Iran Israel Conflict

कभी दोस्त थे, आज दुश्मन क्यों? ईरान-इजरायल के बीच टकराव की पूरी कहानी

साल 1979 में ईरान में एक बड़ी क्रांति हुई. राजा का शासन खत्म हो गया और अयातुल्ला खुमैनी के नेतृत्व में एक इस्लामिक सरकार आई. इस नई सरकार ने इजरायल को अपना सबसे बड़ा दुश्मन घोषित कर दिया. उन्होंने कहा कि इजरायल ने जबरदस्ती फिलिस्तीनी ज़मीन पर कब्ज़ा किया है, और वे फिलिस्तीनियों का समर्थन करेंगे.

कैसे गिरा इंद्रायणी नदी पर बना पुल? चश्मदीदों ने बताई पुणे हादसे की असली वजह

इस हादसे की सबसे बड़ी वजह सामने आ रही है भीड़-भाड़. दरअसल, यह पुल पहले से ही खतरनाक बताया गया था और वहां चेतावनी बोर्ड भी लगे हुए थे. लेकिन अफसोस, लोगों ने शायद इन चेतावनियों पर ध्यान नहीं दिया.

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