Maha Kumbh 2025: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने विवादित बयान देते हुए महाकुंभ को 'मृत्यु कुंभ' बताया है. सीएम ममता ने उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ पर निशाना साधा है. दिल्ली और महाकुंभ में हुई भगदड़ की घटनाओं का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि VIPs को खास सुविधाएं दी जा रही हैं लेकिन गरीबों को इससे वंचित रखा जा रहा है.
Weather Update: अगले 24 घंटे की बात करें तो नॉर्थ-ईस्ट के सभी राज्यों में बारिश की चेतावनी दी गई है. सब हिमालयन पश्चिम बंगाल और सिक्किम में घने कोहरे का अलर्ट जारी किया गया है.
खान सर के नेतृत्व में चल रहे इस आंदोलन में कानूनी पहलू भी जुड़ा है. बिहार के छात्र अब पटना हाईकोर्ट से न्याय की उम्मीद लगाए हुए हैं. इस मामले में सुनवाई जारी है, और 28 फरवरी को इस पर फिर से सुनवाई होगी.
यूट्यूबर्स रणवीर अल्लाहबादिया, समय रैना, अपूर्वा मुखीजा और आशीष चंचलानी को 17 फरवरी को एनसीडब्ल्यू में सुबह 12 बजे पेश होने का समन भेजा गया था. लेकिन किसी भी यूट्यूबर ने व्यक्तिगत रूप से सुनवाई में भाग नहीं लिया.
सैम पित्रोदा के हर बयान पर भाजपा ने उन्हें निशाना बनाया है. भाजपा ने कांग्रेस की मानसिकता पर हमला करते हुए कहा है कि पार्टी के नेता हमेशा चीन और पाकिस्तान के प्रति नरम रवैया अपनाते हैं.
दिल्ली की राजनीति में जितेंद्र महाजन की छवि को देखकर यह कहा जा सकता है कि अगर बीजेपी को मुख्यमंत्री के रूप में एक क्षेत्रीय नेता की जरूरत है, तो उनका नाम सबसे उपयुक्त होगा. उनका नाम इस समय चर्चा में है और बीजेपी की अंदरूनी बैठकों में भी उनके बारे में विचार किया जा सकता है.
Maha Kumbh 2025: समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कन्नौज में सरकार पर बड़ा आरोप लगाया है. अखिलेश यादव ने कहा है कि कुंभ में बड़े पैमाने पर व्यवस्थाएं खराब हैं. वहां भगदड़ मची, लोगों की जान गई मगर जिन लोगों की जान गई है, उनकी सूचि अभी तक नहीं आई है. लोग बनारस और अयोध्या गए मगर कई श्रद्धालुओं की जान चली गई.
Weather Update: जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिमी राजस्थान और अरुणाचल प्रदेश में हल्की बारिश दर्ज की गई. वहीं सब हिमालयन वेस्ट बंगाल और सिक्किम में कोहरा देखा गया
कई नेता इसे सरकार की असंवेदनशीलता और रेलवे के प्रबंधन की कमी के रूप में देख रहे हैं. सवाल उठता है कि जब बड़ी संख्या में श्रद्धालु महाकुंभ के लिए यात्रा कर रहे थे, तब क्या सरकार ने इस भीड़ को संभालने के लिए पर्याप्त इंतजाम किए थे? क्या रेलवे ने इस महत्वपूर्ण अवसर पर प्लेटफार्मों पर यात्रियों की सुरक्षा और सुव्यवस्था को सुनिश्चित किया था?
अब तो हालत ये हो गई है कि ट्रेनें भी बाहर के स्टेशनों पर रोकनी पड़ रही हैं. महाकुंभ 2025 को लेकर रेलवे विभाग ने अतिरिक्त 'मेला स्पेशल' ट्रेनें चलाने का इंतजाम किया था.