कागज नहीं अब प्लास्टिक में छपेंगे रुपये? RBI के नए प्लान से बदल जाएगी जेब की करेंसी!
भारतीय मुद्रा
RBI Plastic Currency Banknotes: भारत में जल्द ही प्लास्टिक से बनी करेंसी नोटें देखने को मिल सकती हैं. भारतीय रिजर्व बैंक यानी Reserve Bank of India (RBI) एक बार फिर पॉलिमर बैंकनोट योजना पर विचार कर रहा है. ये नोट सामान्य कागज़ की बजाय खास तरह के प्लास्टिक जैसे पदार्थ (पॉलिमर) से बनाए जाते हैं.
दरअसल, पिछले कुछ वर्षों में देश में नकदी की मांग लगातार बढ़ी है. RBI की रिपोर्ट के अनुसार, नोट छापने का खर्च भी काफी बढ़ गया है. इसी वजह से अब ऐसी नोटों पर विचार हो रहा है जो ज्यादा समय तक चलें और जल्दी खराब न हों.
क्या होगा नए नोटों का फायदा
पॉलिमर नोट सामान्य नोटों की तरह ही दिखते और मुड़ते हैं, लेकिन ये ज्यादा मजबूत होते हैं. इनमें पानी, गंदगी और फटने का असर कम पड़ता है. यही कारण है कि कई देशों ने पहले ही प्लास्टिक नोटों का इस्तेमाल शुरू कर दिया है.
इन नोटों का सबसे बड़ा फायदा यह माना जा रहा है कि इन्हें नकली बनाना मुश्किल होता है. इनमें पारदर्शी विंडो, खास स्याही और आधुनिक सुरक्षा फीचर लगाए जा सकते हैं, जिससे फर्जी नोटों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी.
पायलट प्रोजेक्ट शुरू कर सकता RBI
रिपोर्ट के मुताबिक, RBI पहले एक पायलट प्रोजेक्ट शुरू कर सकता है. शुरुआत में ₹10 और ₹20 जैसे छोटे नोटों को पॉलिमर में लाने की संभावना जताई जा रही है, क्योंकि ये नोट सबसे ज्यादा इस्तेमाल होते हैं और जल्दी खराब हो जाते हैं.
भारत में यह विचार नया नहीं है. साल 2012 में तत्कालीन यूपीए सरकार के दौरान कुछ शहरों में पॉलिमर नोटों के ट्रायल की योजना बनाई गई थी, लेकिन बाद में यह आगे नहीं बढ़ सकी. अब RBI ने फिर से इस योजना को सक्रिय किया है.
कई देशों में पहले से हो रहा यूज
दुनिया के कई देश जैसे ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, ब्रिटेन, सिंगापुर और न्यूजीलैंड पहले से प्लास्टिक नोटों का इस्तेमाल कर रहे हैं. ऑस्ट्रेलिया ने सबसे पहले 1988 में पॉलिमर नोट जारी किए थे. हालांकि RBI ने अभी तक आधिकारिक तौर पर यह नहीं कहा है कि सभी कागज़ी नोट बंद कर दिए जाएंगे. फिलहाल इसे परीक्षण और चरणबद्ध तरीके से लागू करने की तैयारी के तौर पर देखा जा रहा है.
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