‘US ने दिया पेटेंट, विपक्ष के दिमाग में गोबर…’, गोमूत्र विवाद पर राज्यसभा में गरजे सुधांशु त्रिवेदी
राज्यसभा में गरजे सुधांशु त्रिवेदी
Sudhanshu Trivedi in Rajya Sabha: कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने कथित तौर पर एनटीए में सुधार के लिए गठित टास्क फोर्स के सदस्य प्रो. वी कामकोटि को ‘गौमूत्र एक्सपर्ट’ कहा. जिसके बाद राजनीतिक गलियारों का सियासी पारा हाई हो गया. प्रियंका गांधी के इस बयान को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) से राज्यसभा सांसद सुधांशु त्रिवेदी ने गुरुवार को राज्यसभा में कांग्रेस पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि जिन लोगों को गोमूत्र पर आपत्ति है, उन्हें यह जानना चाहिए कि इसके एंटीबैक्टीरियल और एंटीफंगल औषधीय गुणों के लिए अमेरिका में पेटेंट दिया गया है.
सुधांशु त्रिवेदी ने गुरुवार को गोमूत्र विवाद पर राज्यसभा में कहा, ‘जिनको गोमूत्र की समस्या है तो मैं उन्हें बताना चाहता हूं, गोमूत्र का एंटीबैक्टीरियल एंटीफंगल मेडिसिनल वैल्यू के लिए यूएस में पेटेंट है. गोमूत्र का बायो एनहांसर के रूप में यूएस में साइंटिफिक पेटेंट है. लेकिन क्या करें दिमाग में मैकाले मार्क्स का गोबर भरा हुआ है, तो उन्हें कैसे समझ में आएगा.
यह विज्ञान में पश्चिम के अंधभक्त हैंः सुधांशु त्रिवेदी
अगर उनमें आत्मविश्वास होता तो ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ आयुर्वेदिक साइंस 50 साल पहले बन गया होता, जो आज हमारे प्रधानमंत्री जी ने बनाया है. हमें हल्दी, नीम और तुलसी के पेटेंट के लिए लड़ाई नहीं करनी होती. हम आज लीडर बन के खड़े होते हैं. मगर क्या बताएं? यह विज्ञान में पश्चिम के अंधभक्त हैं और उस अंधभक्ति की कीमत इस देश ने चुकाई.
ये भी पढ़ेंः ‘अमित शाह इस्तीफा दें’, राहुल गांधी का अभिजीत दीपके ने किया समर्थन, बोले- छात्रों पर बल प्रयोग…
हाई पावर टास्क फोर्स के बीच गोमूत्र कहां से आया?
सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, “प्रधानमंत्री जी ने श्री पेपर लीक को लेकर नंदन नीलकर्णी जी के नेतृत्व में एक हाई पावर टास्क फोर्स बनाई है. लेकिन मैं समझ नहीं पाता हूं हाई पावर टास्क फोर्स के सदस्यों का, विद्वान सदस्यों का उल्लेख करते हुए यह गोमूत्र कहां से बीच में आ जाता है. जिसका कोई रेलेवेंस नहीं है.