1 साल तक गुटखा-पान मसाला पर बैन, उत्तराखंड सरकार का बड़ा फैसला

Uttarakhand Government Tobacco Ban: खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम 2006 की धारा 26 के साथ पठित धारा 92 और धारा 30 (2) की शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए उत्तराखंड सरकार ने 1 साल के लिए बैन लगा दिया है.
One Year Tobacco Sale Ban

1 साल तक नहीं बेच पाएंगे गुटका-तंबाकू, उत्तराखंड सरकार का बड़ा फैसला

One Year Tobacco Sale Ban: उत्तराखंड सरकार ने पान मसाला और तंबाकू की बिक्री को लेकर बड़ा फैसला लिया है. खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन, उत्तराखंड ने आज मंगलवार को आदेश जारी करते हुए प्रदेश में गुटखा, पान मसाला और तंबाकू या निकोटिन युक्त खाद्य पदार्थों के निर्माण, भंडारण, वितरण और बिक्री पर एक साल के लिए बैन लगा दिया है. यानी कि अब तत्काल प्रभाव से प्रदेश के अंदर गुटखा-तंबाकू बिकना बंद हो जाएगा. जनस्वास्थ्य के हित में सरकार ने बड़ा फैसला लिया है.

सरकार के अनुसार, यह रोक आज यानी मंगलवार 13 अक्टूबर से अगले 1 साल तक रहेगी. इसके बाद आगे बढ़ाना या फिर रोक हटानी है. यह सबकुछ 1 साल बाद ही तय होगा. यह आदेश खाद्य सुरक्षा और औषधि प्रशासन के आयुक्त विनय शंकर पांडेय ने जारी किया है. जिसमें बताया गया कि खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम 2006 की धारा 26 के साथ पठित धारा 92 और धारा 30 (2) की शक्तियों का इस्तेमाल किया गया है.

किन वजहों से लिया फैसला?

खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से जो आदेश जारी किया गया है. उसमें बताया गया कि खाद्य उत्पादों में तंबाकू और निकोटिन का इस्तेमाल प्रतिबंधित होने के बावजूद गुटखा और पान मसाला जैसे उत्पादों का भरपूर उपयोग किया जा रहा है. जिस पर रोक लगाना जरूरी है. यह जन स्वास्थ्य के लिए काफी हानिकारक है.

ये भी पढ़ेंः सात समुंदर पार से खींच लाया राहुल का प्यार, भागलपुर पहुंची रूस से आई जूली, टूटी झोपड़ी में रहेगी साथ

इससे पहले भी लग चुका है बैन

बता दें, ऐसा नहीं है कि उत्तराखंड सरकार ने पहली बार गुटखा और पान मसाला पर प्रतिबंध लगाया है. इससे पहले भी साल 2013 में उत्तराखंड सरकार ने गुटखा और इस तरह से दूसरे उत्पादों पर प्रतिबंध लगाया था. इसके बाद साल 2015 और 2019 में भई आदेश के माध्यम से रोक की समय सीमा को बढ़ा दिया गया था. ऐसे में अगर कोई दुकानदार बिक्री करते मिलेगा, तो उस पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

ज़रूर पढ़ें