भोपाल स्लॉटरहाउस मामला, नगर निगम के चिकित्सा शाखा के पत्र में हुआ बड़ा खुलासा, बूचड़खाने के दस्तावेज निकले फर्जी

Bhopal Slaughterhouse Case: नगर निगम पशु चिकित्सा शाखा ने पहले ही असलम चमड़ा के बूचडखाना के कागज को फर्जी पाया है. उस के बाद अब नगर निगम और वन विहार के अधिकारियों पर सवाल खड़े होते दिखाई दे रहे हैं.
Bhopal Slaughterhouse Case aslam chamda

भोपाल स्लॉटरहाउस मामला: असलम चमड़ा के बूचड़खाने के दस्तावेज फर्जी निकले

Bhopal Slaughterhouse Case: गौ मांस मामले में एक के बाद एक बड़े घोटाला सामने आया है. बूचड़खाना को लेकर एक बड़ा खुलासा सामने आया है, जहां पता चला है कि बूचड़खाना के दस्तावेज पूरी तरह फर्जी थे. नगर निगम पशु चिकित्सा शाखा ने पहले ही असलम चमड़ा के बूचडखाना के कागज को फर्जी पाया है. उस के बाद अब नगर निगम और वन विहार के अधिकारियों पर सवाल खड़े होते दिखाई दे रहे हैं.

चिकित्सा शाखा के पत्र में हुआ बड़ा खुलासा

गौ मांस मामले में एक के बाद एक खुलासा हुआ है. हालांकि सरकार ने असलम चमड़े के ऊपर मामला दर्ज कर असलम को जेल भेज दिया है. मगर जिस प्रकार से 20 सालों से भोपाल के बीचों-बीच भैंस के मांस के नाम पर गौ मांस को दूसरे राज्य में भेजने वाले असलम चमड़े के काले साम्राज्य को लेकर अब खुलासे सामने आ रहे हैं.

नगर निगम पशु चिकित्सा शाखा का पत्र सामने आया है कि 5 मई 2025 को असलम चमड़ा के बूचड़खाना के सभी दस्तावेज फर्जी थे. जिसके आधार पर नगर निगम और वन विहार को पत्र लिखकर FIR दर्ज करने को लेकर कहा गया था. मगर अधिकारियों की मिली भगत के चलते असलम चमड़ा पर ना ही FIR हुई ना ही कोई कार्रवाई की गई.

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कांग्रेस नेताओं ने SIT अधिकारियों से की मुलाकात

हालांकि, गौ मांस का मुद्दा सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में बयानबाजी का दौर देखने को मिल रहा है. वहीं कांग्रेस पूरे मामले को लेकर आक्रामक है. जहां कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल आज पूरे मामले पर जांच करने वाले SIT अधिकारी से मिलकर और भी महत्वपूर्ण दस्तावेज सौंपने वाली है.

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