छतरपुर में मृत शिक्षक की लगा दी जनगणना ड्यूटी, लिस्ट में नाम सामने आने पर मचा बवाल

MP News: मृत शिक्षक के बेटे अतिशय जैन ने कहा कि इससे प्रशासन की छवि खराब हुई. उन्होंने बताया कि पिता का निधन 15 जून 2023 को हो गया था, जिसके बाद उन्हें अनुकंपा नियुक्ति मिल गई है. जिसने भी पिता की ड्यूटी लगाई है, जो सही नहीं है.
Chhatarpur dead teacher census training program duty sdm ordered for investigation

छतरपुर: जनगणना प्रशिक्षण कार्यक्रम में लगा दी गई मृत शिक्षक की डयूटी

MP News: मध्य प्रदेश के छतरपुर से हैरान करने वाला मामला सामने आया है. जनगणना कार्य के लिए एक मृत शिक्षक की ड्यूटी लगा दी गई. जिला प्रशासन की बड़ी लापरवाही सामने आई है. लिस्ट जारी होते ही हड़कंप मच गया. SDM ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं.

तीन साल पहले निधन हुआ

छतरपुर जिला प्रशासन की बड़ी चूक सामने आई है. जहां मकान सूचीकरण जनगणना ट्रेनिंग कार्यक्रम में मृत शिक्षक की ड्यूटी लगा दी गई. इसके साथ ही लिस्ट भी जारी कर दी गई. शिक्षक हरिश्चंद्र जैन का निधन तीन साल पहले यानी 15 जून 2023 को हो गया था. वे जिला मुख्यालय से 60 किमी दूर घुवारा के माध्यमिक विद्यालय में पदस्थ थे. प्रशासनिक कार्यों में बड़ी लापरवाही सामने आई है, मृत शिक्षक को प्रशिक्षण का जिम्मा सौंप दिया गया.

‘प्रशासन की छवि खराब हुई’

मृत शिक्षक के बेटे अतिशय जैन ने कहा कि इससे प्रशासन की छवि खराब हुई. उन्होंने बताया कि पिता का निधन 15 जून 2023 को हो गया था, जिसके बाद उन्हें अनुकंपा नियुक्ति मिल गई है. जिसने भी पिता की ड्यूटी लगाई है, जो सही नहीं है. इससे प्रशासन की छवि खराब हुई है. इस पूरे मामले से साफ होता है कि सिस्टम को अपडेट नहीं किया गया है. जब कर्मचारी जीवित नहीं है तो उसकी ड्यूटी कैसे लगा दी गई?

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मामले के जांच के आदेश

मामले के तूल पकड़ने के बाद का बड़ा मलहरा SDM अखिल राठौर ने जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने कहा कि मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है. जांच करवाई जा रही है कि ये कैसे हुआ? भविष्य में इस तरह की गलत ना हो, इसका ध्यान रखा जाएगा.

इससे पहले भी ऐसा मामला बड़वानी से सामने आया था, जहां मृत शिक्षक की ड्यूटी लगा दी गई थी. टीचर की मौत लिस्ट जारी करने से दो हफ्ते पहले ही हुई थी. मामले की गंभीरता को देख सूची से नाम हटाया गया.

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