‘ऐसे ही डॉक्टर मुन्ना भाई बनते हैं’, NEET री-एग्जाम पर छात्रा और पिता का छलका दर्द

NEET UG परीक्षा में लगातार हो रहे पेपर लीक से छात्र ही नहीं अभिभावक भी टूट रहे हैं. बदनावर तहसील के कानवन गांव के रहने वाले जितेंद्र सोलंकी अपनी बेटी को लेकर री-एग्जाम सेंटर पहुंचे. मीडिया से बात करते हुए उनका दर्द छलक पड़ा.
File Photo.

File Photo.

Input- जफर अली

MP News: मध्य प्रदेश के धार जिले के कानवन के जितेंद्र सोलंकी की बेटी 4 साल से NEET की तैयारी कर रही है. पेपर लीक से परेशान पिता बोले- लाखों खर्च कर दिए, बेटी 3 बजे उठकर पढ़ती है. शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से पूछा- आखिर कमी कहां रह गई?

NEET UG परीक्षा में लगातार हो रहे पेपर लीक से छात्र ही नहीं अभिभावक भी टूट रहे हैं. बदनावर तहसील के कानवन गांव के रहने वाले जितेंद्र सोलंकी अपनी बेटी को लेकर री-एग्जाम सेंटर पहुंचे. मीडिया से बात करते हुए उनका दर्द छलक पड़ा.

‘बच्ची मेंटल हो गई है’

जितेंद्र सोलंकी ने कहा, ‘Exam के paper leak होने की वजह से अभी exam हो रहे हैं. इतनी परेशानी उठाना पड़ती है, बच्चों के साथ बहुत परेशानी हो रही है सर. मैं मेंटल हो गया हूं. ये इतनी मेंटल नहीं है, जितना मैं हुआ हूं. रात को तीन बजे उठो तो पढ़ाई करती है, रात को चार बजे उठो तो पढ़ाई करती है. इतना पढ़ाई करने के बाद भी अगर ये सीट नहीं मिलती है तो ये सब सिस्टम करने से क्या मतलब है.’

‘2022 से कोटा, फिर PW से पढ़ाया, लाखों खर्च हुए’

सोलंकी ने बताया, ‘मेरी बेटी को मैं 2022 जुलाई में कोटा ले गया था. दो साल में मैंने पढ़ाया है. उसके बाद में 2025 में वो online जो PW से पढ़ाया है. PW के पढ़ाने के बाद में दो हजार पच्चीस तक पेपर आ गया था. उसके बाद में फिर भी बच्ची ने हिम्मत नहीं हारी. मैंने कहा BDS ले ले बेटी. लेकिन उसने BDS नहीं लिया. फिर वापस प्रिपरेशन वापस करवाई. पेपर लीक हो गया. उसके बाद में वापस तैयारी…तैयारी कब तक तैयारी करेंगे सर?’

’10 रुपये का डायपर लीक नहीं होता, पेपर लीक हो जाता है’

सिस्टम पर सवाल उठाते हुए सोलंकी बोले, ‘मैं सिस्टम से सवाल उठाना चाहता हूं कि दस रुपये का डायपर लीक नहीं होता है और ये पेपर कैसे लीक हो जाता है. मैं धर्मेंद्र प्रधान से कहना चाहता हूं कि ऐसा क्यों हो रहा है? कहां आखिर कहां तक कमी हो रही है? आपकी वजह से, सरकार की वजह से बच्चे को जो है भुगतना पड़ रहा है. बाईस लाख बच्चे एसपिरेंट जो हैं, वो इस मामले को भुगत रहे हैं. चौदह बच्चे सुसाइड कर चुके हैं. सरकार क्या कर रही है. मैं ये जानना चाहता हूं.’

‘ऐसे ही डॉक्टर मुन्ना भाई डॉक्टर बनते हैं’

उन्होंने आगे कहा, ‘ऐसे ही डॉक्टर बनेंगे मुन्ना भाई डॉक्टर बनेंगे. अब 2024, 2025 और 2026 से पेपर लीक हो रहे हैं. लेकिन जो भी मुद्दा उठाता है, उसको लेकर कोई ध्यान नहीं दे रहा है.

‘हर साल बॉर्डर पर रुक रही, BDS नहीं लिया’

पिता ने बताया, ‘सर बेटी चार साल से तैयारी कर रही है. चार साल से जो बाउंड्र पर रुक रही है. हर साल BDS मिल रहा है, लेकिन नहीं ले रही है. बोलती है कि मेरे को NEET निकालना है, MBBS करना है. लाखों रुपये खर्च कर दिए हैं सर हमने, और मिडिल कहां से इतने पैसे लगाएंगे.’

ये भी पढ़ें: MP में टीचर्स के स्वैच्छिक ट्रांसफर से पहले मुसीबत, पोर्टल पर पहले से ही ‘रिजर्व’ दिखा रहा, 90 परसेंट अटेंडेंस भी जरूरी

ज़रूर पढ़ें