जबलपुर में कांग्रेस के प्रदर्शन में केवल 15 कार्यकर्ता पहुंचे, मीनाक्षी नटराजन के नामांकन रद्द मामले में कर रहे थे प्रोटेस्ट

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के बाद कांग्रेस देशभर में लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है. गुरुवार को राजधानी भोपाल में भी कांग्रेस ने प्रदर्शन किया.
Only 15 party workers turned up for the Congress protest in Jabalpur.

जबलपुर में कांग्रेस के प्रदर्शन में सिर्फ 15 कार्यकर्ता पहुंचे.

Jabalpur Congress Protest: मध्य प्रदेश से कांग्रेस उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन के नामांकन रद्द होने के बाद पार्टी लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है. गुरुवार को भी जबलपुर में कांग्रेस ने प्रदर्शन का ऐलान किया था. लेकिन महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव के नेतृत्व में हुआ ये प्रदर्शन फ्लॉप शो साबित हुआ. हालांकि कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुतला दहन जरूर किया, लेकिन वो सिर्फ दिखावा भर ही रहा.

केवल 15 कार्यकर्ता ही प्रदर्शन करने पहुंचे

गुरुवार को प्रदर्शन के ऐलान के बाद कांग्रेस के 6 पुरुष और 9 महिला कार्यकर्ता ही धरना देने पुहंचे. घंटाघर चौराहे पर कार्यकर्ताओं ने बीजेपी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय सचिव सुमिता मिश्रा ने कहा, ‘मीनाक्षी नटराज का जो नामांकन रद्द किया गया है, आज हम लोग उसके विरोध में यहां प्रदर्शन करने आए हैं. हमारी बहन मीनाक्षी नटराजन के साथ अन्याय हुआ है. आज हम उसके विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं. ये प्रदर्शन मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के खिलाफ है.’

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के विरोध में प्रदर्शन

मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने के बाद कांग्रेस देशभर में लगातार विरोध प्रदर्शन कर रही है. गुरुवार को राजधानी भोपाल में भी कांग्रेस ने प्रदर्शन किया. भोपाल में कांग्रेस के प्रदर्शन में पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के अलावा मीनाक्षी नटराजन खुद भी शामिल हुईं. विरोध प्रदर्शन के दौरान तमाम कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ मीनाक्षी नटराजन ने चरखा चलाकर सूत काटा. सत्याग्रह के दौरान कांग्रेसियों ने रघुपति राघव राजा राम और गंधी जी के बजन गाए.

बता दें मध्य प्रदेश में राज्यसभा की तीनों सीटों पर बीजेपी कार्यकर्ता निर्विरोध चुन लिए गए. तीन में से दो सीटों पर बीजेपी की जीत पहले से ही पक्की थी. माना जा रहा था कि तीसरी सीट कांग्रेस के खाते में जा सकती है. लेकिन तीसरी सीट पर भी बीजेपी ने महेश केवट को अपना उम्मीदवार उतार दिया. वहीं मीनाक्षी नटराजन का नामांकन जानकारी छिपाने के आरोप में रद्द कर दिया गया. जिसके बाद तीनों राज्यसभा सीटों पर बीजेपी प्रत्याशियों को निर्विरोध चुन लिया गया.

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