MP News: मोहन सरकार ने बनाई नीति, पीएम श्रम योगी मानधन सहित हितग्राही योजनाओं के क्रियान्वयन के लिए ग्राम-वार्ड सभाओं का सहारा
सीएम मोहन यादव (फाइल फोटो)
MP News: पीएम श्रम योगी मानधन योजना सहित अन्य हितग्राही मूलक योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और इनका लाभ जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए राज्य सरकार ने नई रणनीति अपनाई है. अब ग्रामीण क्षेत्रों में ग्राम सभा और शहरी क्षेत्रों में वार्ड सभा के माध्यम से इन योजनाओं को मजबूती दी जाएगी. केन्द्रीय पंचायती राज संचालनालय के निर्देशों के तहत सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी जिला कलेक्टरों को इस संबंध में दिशा-निर्देश जारी किए हैं.
जारी निर्देशों में क्या कहा गया है?
जारी निर्देशों में कहा गया है कि पीएम श्रम योगी मानधन योजना’ सहित अन्य व्यक्तिगत लाभ की योजनाओं को ग्राम-वार्ड सभाओं के जरिए अधिक प्रभावी बनाया जाए. योजना के तहत कवरेज बढ़ाने के उद्देश्य से ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में व्यवस्थित रूप से स्थानीय स्तर पर शिविरों के आयोजन पर जोर दिया गया है. ग्रामीण क्षेत्रों में आगामी महीनों में ग्राम सभा बैठकों के साथ-साथ पीएम श्रम योगी मानधन नामांकन और जागरूकता शिविर लगाए जाएंगे. सभी जिलों में ग्राम सभा के लिए महीने की तिथियां पहले से निर्धारित हैं, जिनका उपयोग योजनाओं के प्रचार-प्रसार और नामांकन के लिए किया जाएगा.
मिशन के तहत क्या काम चलेगा?
- इन ग्राम सभा दिवसों को पीएम श्रम योगी मानधन योजना के साथ-साथ ‘संकल्प से समाधान मिशन’ की भावना के अनुरूप अन्य हितग्राही योजनाओं के लाभ सुनिश्चित करने के लिए समन्वित रूप से उपयोग किया जाएगा.
- शहरी क्षेत्रों में भी इसी तरह की रणनीति अपनाई जाएगी.
- जिला कलेक्टर शहरी स्थानीय निकायों के परामर्श से प्रत्येक नगर निकाय में महीने में एक दिन वार्ड स्तर पर शिविर आयोजित करवाएंगे.
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1 महीने तक लगेंगे शिविर
जिला कलेक्टर के नेतृत्व में लाभार्थियों के साथ जमीनी स्तर पर नियमित और प्रभावी संवाद स्थापित करने से न केवल निर्णय प्रक्रिया में आमजन की भागीदारी बढ़ेगी, बल्कि सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ भी सभी पात्र हितग्राहियों तक सुनिश्चित किया जा सकेगा. निर्देशों के अनुसार, ग्रामीण क्षेत्रों में 16 फरवरी से 15 मार्च 2026 के बीच और शहरी क्षेत्रों में 15 फरवरी 2026 तक इन शिविरों का आयोजन किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक लोगों को हितग्राही मूलक योजनाओं से जोड़ा जा सके.