नौतपा में डबल अटैक! MP में गर्मी के साथ आंधी-बारिश, मुरैना में तूफान से कई घायल, एक महिला लापता; 9 जिलों में ओले का अलर्ट
MP में शुक्रवार रात कई जिलों में आंधी बारिश से काफी नुकसान हुआ.
MP Weather Rain Storm Alert: मध्य प्रदेश में नौतपा में भीषण गर्मी के बीच आंधी-बारिश का दौर शुरू हो गया है. शुक्रवार को ग्वालियर, मुरैना और भिंड समेत कई जिलों में आंधी-तूफान के साथ बारिश देखने को मिली. मुरैना में आंधी-तूफान ने जमकर तबाही मचाई. तूफान के कारण कई मकान क्षतिग्रस्त हो गए. जिसमें कई लोग घायल हो गए हैं, जबकि एक महिला लापता हो गई है. एमपी में शनिवार को भी 9 जिलों में आंधी और बारिश के साथ ओले का अलर्ट जारी किया गया है.
पारा लुढ़का, 9 जिलों में ओले गिरने का ऑरेंज अलर्ट
शुक्रवार को प्रदेश के कई जिलों में आंधी-बारिश देखने को मिली. जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली है. ग्वालियर, भिंड और मुरैना समेत कई जिलों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस चला गया है. जबकि पिछले कई दिनों से इन जिलों में तापमान 44 डिग्री या उससे ज्यादा बना हुआ था. शनिवार को 9 जिलों ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, नीमच और मंदसौर में गरज-चमक के साथ बारिश और ओले गिरने का ऑरेंज अलर्ट है.
अगले 4 दिनों तक आंधी-बारिश का दौर
25 से नौतपा शुरू हुआ था. शुरुआती 5 दिन भीषण गर्मी का दौर देखा गया. दिन में हीटवेव और रात में भीषण गर्मी ने लोगों को परेशान किया. हालांकि अब बीच नौतपा में मौसम का मिजाज बदलना शुरू हो गया है. मौसम विभाग के मुताबिक अब अगले 4-5 दिन आंधी-बारिश की संभावना है. ऐसे में लोगों को गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है.
प्री मानसून से राहत, लेकिन देर पहुंचेगा मानसून
मध्य प्रदेश में पिछले कई सालों में नौतपा में शुरुआती दिनों के बाद आंधी-बारिश देखी गई है. इस साल भी यही ट्रेंड फॉलो हो रहा है. शुरुआती 5 दिनों में हीटवेव और आसमान से आग बरसने के बाद अब लोगों को बारिश से राहत मिलने लगी है. इसे प्री मानसून एक्टिविटी माना जा रहा है. हालांकि मध्य प्रदेश में इस बार मानसून देर से आने की संभावना है. इसका बड़ा कारण केरल में मानसून आने में देरी है.
मौसम वैज्ञानिकों ने 26 मई को केरल के तट पर मानसून आने का अनुमान लगाया था, जो कि गलत साबित हुआ. अब बताया जा रहा है कि केरल में मानसून पहुंचने में 5 दिन ज्यादा लगेंगे. केरल में मानसून पहुंचने के बाद भारतीय उपमहाद्वीप के अधिकांश हिस्सों को कवर करता है. ऐसे में मध्य प्रदेश में इस बार 18 जून तक मानसून पहुंचने की संभावना है. हालांकि इस बार सामान्य से कम बारिश होने की आशंका जताई जा रही है.