Sawan 2026: कांवड़ लाने में हैं असमर्थ, तो इन धार्मिक कार्यों से पाएं भोलेनाथ का मुंह मांगा वरदान
सावन 2026
Alternative Rituals For Kanwar Yatra: सबसे पवित्र महीनों में से एक सावन की शुरुआत हो चुकी है. इस पावन महीने में शिव भक्त भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना में जुटे हुए हैं. हिंदू पंचांग के अनुसार, इस साल सावन का महीना 28 अगस्त 2026 तक रहेगा. मान्यता है कि इस महीने देवों के देव महादेव भगवान शिव पृथ्वी पर वास करते हैं. इस दौरान अगर कोई भक्त उनकी सच्चे मन और श्रद्धा से पूजा-अर्चना या आराधना करता है, तो महादेव की विशेष कृपा प्राप्त होती है.
वहीं इस पावन महीने में कुछ श्रद्धालु कांवड़ लेकर धार्मिक स्थलोतक जाते हैं और भगवान शिव का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं. दूसरी ओर कुछ ऐसे भी भक्त हैं, जो कांवड़ ले जाने में असमर्थ हैं. आइए जानते हैं कि बिना कांवड़ लाए कैसे भगवान शिव की कृपा प्राप्त करें.
शिवलिंग पर जल अर्पित करें
सावन के महीने में शिवलिंग पर जलाभिषेक का विशेष महत्व है. अगर आप कांवड़ ले जाने में असमर्थ हैं, तो सबसे पहले ब्रह्ममुहूर्त में उठकर स्नान कर लें. फिर स्वच्छ कपड़े धारण करें. इसके बाद अपने घर के पास स्थित शिव मंदिर में जाकर शिवलिंग पर सच्चे मन और श्रद्धा से जल अर्पित करें. ऐसा करने से आपकी सारी मनोकामनाएं पूर्ण होंगी.
सावन सोमवार का व्रत रखें
सावन का यह महीना भगवान भोलेनाथ को समर्पित है. इस महीने जो भी भक्त शिव की पूजा-अर्चना करता है, उसके सारे दुख-कष्ट दूर होते हैं और भगवान भोलेनाथ की कृपा प्राप्त होती है. वहीं अगर आप किसी कारण से कांवड़ यात्रा प नहीं जा पा रहे हैं, तो सावन के सोमवार का व्रत रख सकते हैं. इससे भगवान शिव प्रसन्न होंगे और आप पर विशेष कृपा बरसाएंगे.
बेलपत्र चढ़ाएं
पूजा-अर्चना के दौरान शिवलिंग पर बेलपत्र चढ़ाना बहुत ही शुभ माना जाता है. जब भी आप शिवलिंग पर जल अर्पित करें, तो बेलपत्र चढ़ाना न भूलें. भगवान शिव को साफ और अच्छे बेलपत्र चढ़ाएं. ऐसा करने से घर में सुख-शांति बनी रहेगी.
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कांवड़ियों को भोजन कराएं
जो लोग कांवड़ यात्रा पर नहीं जा सकते हैं, वे कांवड़ ले जाने वाले कांवड़ियों को भोजन कराएं. उन्हें जलपान और फल खिलाएं. रास्ते में थके हुए कांवड़यों की मदद करने से भगवान शिव प्रसन्न होते हैं और मुंह मांगा वरदान देते हैं.