महाकाल मंदिर में बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम युवक की कर दी पिटाई, हिंदू युवती के साथ पहुंचा था

Muslim Perosn Beat Mahakal Temple Ujjain: महाकाल थाना प्रभारी गगन यादव ने बताया कि किसी पक्ष ने कोई शिकायत नहीं दर्ज कराई है. युवक और युवती दोनों के परिजनों को बुलाया गया है. अगर कोई शिकायत करता है, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी.
Bajarang Dal Beaten After See Aadhar Card Muslim Youth

महाकाल मंदिर में मुस्लिम युवक की पिटाई

Bajarang Dal Beaten After See Aadhar Card: महाकाल की नगरी उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर में एक मुस्लिम युवक हिंदू युवती के साथ भस्म आरती में शामिल होने पहुंचा था. इस दौरान बजरंग दल वालों ने उसकी जमकर पिटाई कर दी. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है.

जानकारी के अनुसार, यह मामला मंगलवार-बुधवार की रात का है, जहां महाराष्ट्र के पुणे के पिंपरी का रहने वाला सरफराज शेख (26) एक हिंदू लड़की के साथ महाकाल मंदिर की भस्म आरती में शामिल होने आया था. मंगलवार-बुधवार की रात वह लाइन में लगा था, तब तक सबकुछ ठीक-ठाक रहा, लेकिन जैसे ही वह आधार कार्ड चेक कराया तो बवाल हो गया. क्योंकि आधार कार्ड में उसकी जाति मुस्लिम थी. जबकि उसके साथ में आई युवती हिंदू थी.

बजरंग दल वालों ने कर दी पिटाई

इसकी जानकारी जैसे ही बजरंग दल के कार्यकर्ताओं को लगी, तो उन्होंने तुरंत ही सरफराज को पकड़ लिया और उसके साथ मारपीट शुरू कर दी. सरफराज ने अपनी पहचान छिपाने के लिए ललाट पर महाकाल भी लिखवा रखा था. लेकिन इसके बावजूद वह बजरंग दल की गिरफ्त में आ ही गया. इस दौरान काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा. लेकिन सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने सबको समझाइश देकर सबको शांत करा दिया.

ये भी पढ़ेंः ‘IAS का सपना रह गया अधूरा, भगवान ऐसी पत्नी…’, 5 पन्नों का सुसाइड नोट लिखकर दी जान, UPSC की तैयारी कर रहा था युवक

दोनों के परिजनों को बुलाया थाने

घटना को लेकर महाकाल थाना प्रभारी गगन यादव ने बताया कि किसी पक्ष ने कोई शिकायत नहीं दर्ज कराई है. पुलिस को जैसे ही सूचना मिली, तुरंत मंदिर परिसर के अंदर जाकर युवक को सुरक्षित थाने लाया गया. युवक और युवती दोनों के परिजनों को बुलाया गया है. अगर कोई शिकायत करता है, तो उस पर कार्रवाई की जाएगी. फिलहाल, घटना से संबंधित वायरल वीडियो के आधार पर जांच की जा रही है. पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कहीं यह मामला धर्मांतरण से संबंधित तो नहीं.

ज़रूर पढ़ें