Mohan Cabinet के बड़े फैसले, ₹41 हजार करोड़ की परियोजनाओं को मंजूरी, मूंग खरीदी का दायरा बढ़ा

Mohan Cabinet: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में प्रदेश के विकास, बुनियादी ढांचे, डेयरी, स्वास्थ्य, शिक्षा और प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए. सरकार ने करीब ₹41 हजार करोड़ की स्वीकृतियां दी हैं.
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Mohan Cabinet: भोपाल:मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक खत्म बो गई है. pwd मंत्री राकेश सिंह ने फैसलों की जानकारी दी. बैठक में प्रदेश के विकास, बुनियादी ढांचे, डेयरी, स्वास्थ्य, शिक्षा और प्रशासन से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए. सरकार ने करीब ₹41 हजार करोड़ की स्वीकृतियां दी हैं. वहीं सरकार ने तय किया है कि सरकार अब किसानों से उनकी कुल मूंग पैदावार का 60% हिस्सा सरकारी समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदेगी, जो पहले केवल 25% था.

डेयरी क्षेत्र में बड़े विस्तार की तैयारी

कैबिनेट ने दुग्ध उत्पादकों के लिए करीब ₹2,973 करोड़ की राशि मंजूर की है. इसमें दूध के प्रसंस्करण की क्षमता बढ़ाने के लिए ₹1,547 करोड़ का प्रावधान किया गया है. अगले पांच वर्षों में सहकारी दुग्ध समितियों का विस्तार 7,331 गांवों से बढ़ाकर 26 हजार गांवों तक करने का लक्ष्य रखा गया है. दूध संकलन क्षमता को 12 लाख किलोग्राम से बढ़ाकर 52 लाख किलोग्राम प्रतिदिन और प्रसंस्करण क्षमता को 17.8 लाख लीटर से बढ़ाकर 63.3 लाख लीटर प्रतिदिन किया जाएगा. दुग्ध पैकेट की बिक्री भी 7 लाख से बढ़ाकर 35 लाख लीटर प्रतिदिन करने का लक्ष्य है.

सड़क और बुनियादी ढांचे पर जोर

पश्चिमी भोपाल बाईपास परियोजना की लागत ₹2,981 करोड़ से बढ़कर ₹3,225 करोड़ हो गई है. मुआवजा गुणांक दो से बढ़कर चार किए जाने के कारण लागत में वृद्धि हुई है. रातापानी टाइगर रिजर्व में अंडरपास के कारण बाईपास की लंबाई 40 किलोमीटर से घटकर 35.61 किलोमीटर होगी. इससे यात्रा की दूरी करीब 21 किलोमीटर कम होने का दावा किया गया है. वहीं महलुआ-बीना-खेमला-सामलथौन मार्ग को फोरलेन में अपग्रेड करने के लिए करीब ₹2,776 करोड़ की मंजूरी दी गई है.

मूंग खरीदी का दायरा बढ़ा

किसानों के लिए भी कैबिनेट ने महत्वपूर्ण फैसला लिया है ग्रीष्मकालीन मूंग की समर्थन मूल्य पर खरीदी में अब उत्पादन के 60 प्रतिशत तक उपार्जन* किया जाएगा. पहले यह सीमा 25 प्रतिशत थी. सरकार के इस निर्णय से समर्थन मूल्य पर मूंग बेचने वाले किसानों की संख्या और मात्रा बढ़ने की उम्मीद है.

आरजीपीवी की जगह तीन नए प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय

तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़ा बदलाव किया गया है. आरजीपीवी के स्थान पर तीन नए प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय स्थापित किए जाएंगे. इनमें मध्य भारत प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय, भोपाल, मालवा प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, उज्जैन और महाकौशल प्रौद्योगिकी एवं कौशल विश्वविद्यालय, जबलपुर शामिल हैं. इन विश्वविद्यालयों में पद सृजन और प्रतिनियुक्ति से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई है.

स्वास्थ्य और प्रशासनिक फैसले

लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग की संपत्तियों के संधारण के लिए ₹915.77 करोड़ और मशीन एवं उपकरणों के अनुरक्षण के लिए ₹488.41 करोड़ मंजूर किए गए हैं. नवगठित जिलों में आयुष विभाग के जिला कार्यालयों के लिए 20 पदों के सृजन को भी स्वीकृति मिली है.

बैठक में प्रशासनिक और अनुशासनात्मक मामलों पर भी निर्णय हुए. बच्चों के पलायन के मामले में दोषी पाए गए अधिकारी राजीव द्विवेदी की देय पेंशन में से एक वर्ष तक पांच प्रतिशत पेंशन रोकने का फैसला किया गया. वहीं रिश्वत के मामले में दोषसिद्ध और सेवानिवृत्त हो चुके पूर्व उप वन क्षेत्रपाल अब्दुल तनवीर खान की संपूर्ण पेंशन स्थायी रूप से रोकने का प्रस्ताव है.

इसके अलावा पंचायत ग्रामीण विकास विभाग में केंद्र और राज्य के बीच 60:40 के अनुपात में वित्तीय व्यवस्था तथा प्रत्येक जिले में शिकायत निवारण के लिए लोकपाल की नियुक्ति का निर्णय लिया गया. सरकार ने जन विश्वास अभियान को भी आगे बढ़ाने का फैसला किया है, जिसकी आगामी तारीख जन्माष्टमी के कारण बदलकर 11 सितंबर की गई है.

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