गेहूं खरीदी को लेकर CM मोहन यादव का सभी कलेक्टर्स को निर्देश, बोले- केंद्रों पर किसानों के लिए छाया, शीतल जल की व्यवस्था करें
गेहूं खरीदी को लेकर मुख्यमंत्री की अधिकारियों के साथ बड़ी बैठक.
MP News: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का फोकस किसानों को लेकर विशेष रूप से है. शनिवार को भी मुख्यमंत्री ने गेहूं खरीदी को लेकर अधिकारियों के साथ बड़ी बैठक की. इस दौरान गेहूं उपार्जन को लेकर सीएम डॉ मोहन यादव ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं कि किसानों को किसी भी तरह की कोई समस्या ना हो पाए.
‘सुनिश्चित करें कि मंडियों में किसानों का किसी भी स्तर का शोषण ना हो‘
मुख्यमंत्री ने कलेक्टर्स को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि उपार्जन केंद्रों पर किसानों के लिए छाया, शीतल जल, तौल कांटे और हम्मालों की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित करें. उपार्जन की हर दिन समीक्षा करें. स्लॉट बुकिंग की अवधि 9 मई तक बढ़ाई गई है. सभी किसानों के लिए भी स्लॉट बुकिंग प्रारम्भ कर दी गई है. उपार्जन केंद्रों की क्षमता 1000 क्विंटल प्रतिदिन से बढ़ाकर 2250 क्विंटल प्रतिदिन की गई है. कलेक्टर्स जिले में इसके अनुसार व्यवस्था बनाना सुनिश्चित करें. वे स्वयं सुनिश्चित करेंगे कि मंडियों में किसानों का किसी भी स्तर पर शोषण न हो.
गेहूं उपार्जन में किसानों को कोई परेशानी न हो…
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) April 25, 2026
आज प्रदेश में गेहूं उपार्जन की समीक्षा कर सभी कलेक्टर्स को निर्देश दिए कि उपार्जन केंद्रों पर किसानों के लिए छाया, शीतल जल, तौल कांटे और हम्मालों की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित करें। उपार्जन की प्रतिदिन समीक्षा करें।
स्लॉट बुकिंग… pic.twitter.com/dQA49waMWa
‘मिल्क कैपिटल बनाने के साथ सरकार आगे बढ़ रही’
शुक्रवार को मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने प्रदेश को संबोधित किया था. इस दौरान उन्होंने बताया कि सरकार का संकल्प है कि किसान भाइयों को किसी भी तरह की कोई परेशानी ना हो. सीएम ने कहा कि मध्य प्रदेश को मिल्क कैपिटल बनाने के साथ ही सरकार आगे बढ़ रही है.हमने दूध उत्पादन से लेकर उसके संकलने के भी प्रयास बढ़ाए हैं. किसानों को दूध 8 से 10 रुपये प्रति लीटर के हिसाब से बढ़क मिल रहा है.
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