ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर से 15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी को लेकर पूछा गया सवाल, सोशल मीडिया में मचा बवाल

Manu Bhaker: आईपीएल 2026 के रोमांच के बीच भारतीय खेल जगत में एक नया मामला गरमाता नजर आ रहा है. हाल ही में ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर से 15 वर्षीय युवा सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर एक सवाल किया गया, जिसके बाद सोशल मीडिया पर हड़कंप मच गया.
Manu Bhaker

मनु भाकर

Manu Bhaker: आईपीएल 2026 के रोमांच के बीच भारतीय खेल जगत में एक नया मामला गरमाता नजर आ रहा है. दरअसल हाल ही में एक ईवेंट में ओलंपिक मेडलिस्ट मनु भाकर से 15 वर्षीय युवा सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को लेकर एक सवाल किया गया, जिसके बाद सोशल मीडिया पर हड़कंप मच गया. आइए जानते हैं आखिर क्या है पूरा मामला…

क्या है पूरा मामला?

दरअसल हाल ही में स्टार शूटर और पेरिस ओलंपिक की दो पदक विजेता मनु भाकर दिल्ली में नेशनल एसोसिएशन ऑफ इंडिया के 75वें स्थापना समारोह में शामिल हुई थी. इस दौरान पत्रकारों ने उनसे 15 वर्षीय स्टार बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के प्रदर्शन और उनके भविष्य को लेकर सवाल पूछा. इसपर मनु ने संतुलित जवाब देते हुए कहा कि टैलेंट की कोई उम्र नहीं होती और सही मेंटरशिप मिलने पर कोई भी खिलाड़ी बड़ा बन सकता है. आगे उन्होंने कहा कि अगर वैभव को सही मार्गदर्शन मिले, तो वह निश्चित रूप से अगले बड़े स्टार बनेंगे.

यह भी पढ़ें: MP Cricket: शिखर धवन और महानार्यमन सिंधिया की मौजूदगी में ग्वालियर में होगा MPL Women Draft, खुलेगा हाई परफॉर्मेंस सेंटर

सोशल मीडिया पर मचा बवाल

हालांकि फैंस को मनु से वैभव के बारे में सवाल करना बिल्कुल भी रास नहीं आया है. सोशल मीडिया यूजर्स ने इस मामले को लेकर नाराजगी जताई है. लोगों का कहना है कि भारत में क्रिकेट की लोकप्रियता और जुनून इतना ज्यादा है कि दूसरे खेलों के दिग्गजों को भी क्रिकेट पर बात करने के लिए मजबूर किया जा रहा है. कई लोगों ने, तो इसे मनु भाकर का अपमान माना है.

यूजर्स कर रहे रिएक्ट

इस पूरे मामले पर सोशल मीडिया यूजर्स तीखी प्रतिक्रिया दे रहे हैं. एक यूजर ने लिखा, एक ओलंपिक मेडलिस्ट से क्रिकेट पर सवाल क्यों? ये खेलों का अपमान है. कभी किसी क्रिकेटर से दूसरे खेल के खिलाड़ी को लेकर राय पूछी है?

एक अन्य यूजर ने कहा कि, मेरी दिली इच्छा है कि भारत में क्रिकेट का अंत हो जाए, क्योंकि तभी दूसरे खेलों को सम्मान और लोकप्रियता मिलेगी. मैं खुद क्रिकेट का प्रशंसक हूं, लेकिन क्रिकेट की वजह से दूसरे खेलों का अंत होना मुझे गवारा नहीं.

ज़रूर पढ़ें