मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जीशान को थोड़ी देर के लिए इरम मजीद और उसके परिवार वालों से भी मिलवाया. इसके बाद पाकिस्तानी सैनिकों के हवाले कर दिया. वहीं इरम ने बताया कि पुलिस ने सिर्फ 2-3 मिनट ही मिलने दिया, इस दौरान सारा समय इरम की आंखों में आंसू थे.