Most Educated Village in MP: मध्य प्रदेश लगातार विकास की नई ऊंचाइयों को छू रहा है. प्रदेश के कई जिले और गांव अपनी विशेष पहचान के लिए जाने जाते हैं. शिक्षा, तकनीक और नवाचार के क्षेत्र में यहां के ग्रामीण क्षेत्र भी तेजी से आगे बढ़ रहे हैं. प्रदेश के छात्र अपनी प्रतिभा, मेहनत और नई-नई उपलब्धियों के दम पर देशभर में मध्य प्रदेश का नाम रोशन कर रहे हैं. वहीं राज्य के कई गांव और शहर शिक्षा, विज्ञान और तकनीकी विकास के क्षेत्र में अलग पहचान बना चुके हैं. आज हम आपको मध्य प्रदेश के ऐसे ही एक गांव के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसे प्रदेश के सबसे शिक्षित गांवों में गिना जाता है.
MP women literacy district: मध्य प्रदेश के सभी जिले अपनी अलग खासियत के लिए जाने जाते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि मध्य प्रदेश में वह कौन-सा जिला और स्थान है, जहां की महिलाएं सबसे ज्यादा पढ़ी-लिखी हैं? तो आइए, इसका उत्तर जानते हैं.
India least educated district: भारत के 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों में कुल 797 जिले हैं. इनमें से कई राज्य और कई जिले आधुनिक शिक्षा, साक्षरता और विकास में आगे बढ़ चुके हैं. लेकिन भारत का एक ऐसा जिला है जहां आज भी लोग शिक्षा से काफी दूर हैं और गरीबी में अपना जीवन जी रहे हैं. यहां की साक्षरता दर सभी जिलों के मुकाबले सबसे कम है. आज हम आपको बताएंगे कि भारत का वो कौन सा जिला है जिसकी साक्षरता दर सबसे कम है.
1931 की जनगणना ने यह भी दिखाया कि दक्षिण भारत में साक्षरता का स्तर उत्तर भारत की तुलना में कहीं ज्यादा था. उदाहरण के लिए, मद्रास में ब्राह्मण और नायर जैसी जातियां शिक्षा में बहुत आगे थीं, जबकि बॉम्बे में भी ब्राह्मणों की पुरुष साक्षरता 78.8% थी. दूसरी ओर, उत्तर भारत में बिहार और ओडिशा जैसे राज्यों में कायस्थ सबसे साक्षर थे.