साइबर फ्रॉड का पैसा वापस पाना हुआ और आसान! सरकार ने लॉन्च किया नया MRM पोर्टल, जानिए कैसे करें आवेदन

New MRM Portal Launch: गृह मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) ने नया 'मनी रिस्टोरेशन मॉड्यूल (MRM)' पोर्टल शुरू किया है. इस पोर्टल के माध्यम से पीड़ित लोग घर बैठे ही ऑनलाइन रिफंड के लिए आवेदन कर सकेंगे और अपनी होल्ड की गई राशि वापस पाने की प्रोसेस को आसानी से पूरा कर सकेंगे.
Cyber Fraud

साइबर फ्रॉड

Easier Cyber Fraud Refunds: डिजिटल युग में साइबर ठगी के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं और ठग लोगों को अलग-अलग तरीकों से निशाना बनाकर उनकी मेहनत की कमाई हड़प रहे हैं. ऐसे में साइबर धोखाधड़ी के शिकार लोगों के लिए राहत भरी खबर है. अब उन्हें अपनी फ्रीज या होल्ड की गई राशि वापस पाने के लिए सरकारी ऑफिस के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे. गृह मंत्रालय के तहत राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) ने नया ‘मनी रिस्टोरेशन मॉड्यूल (MRM)’ पोर्टल शुरू किया है. इस पोर्टल के माध्यम से पीड़ित लोग घर बैठे ही ऑनलाइन रिफंड के लिए आवेदन कर सकेंगे और अपनी होल्ड की गई राशि वापस पाने की प्रोसेस को आसानी से पूरा कर सकेंगे.

कैसे करें ऑनलाइन आवेदन?

  • अगर आप साइबर ठगी के शिकार हुए हैं और आपकी राशि बैंक द्वारा होल्ड कर दी गई है, तो अब उसे वापस पाने के लिए घर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं.
  • इसके लिए सबसे पहले MRM पोर्टल पर जाएं और अपने उसी मोबाइल नंबर से लॉगिन करें, जो NCRP शिकायत दर्ज करते समय इस्तेमाल किया गया था.
  • OTP सत्यापन के बाद ‘Raise Refund Request’ऑप्शन चुनें और अपनी 14 अंकों वाली शिकायत नंबर दर्ज करें.
  • इसके बाद स्क्रीन पर होल्ड की गई राशि की जानकारी दिखाई देगी.
  • फिर अपना PAN कार्ड अपलोड करें और उस बैंक खाते की जानकारी भरें, जिसमें रिफंड प्राप्त करना चाहते हैं.
  • आवेदन जमा करने के बाद आपको एक यूनिक रिक्वेस्ट आईडी मिलेगी, जिसके जरिए आप अपने आवेदन का स्टेटस ऑनलाइन देख सकेंगे.

कौन कर सकता है MRM पोर्टल का इस्तेमाल?

  • MRM पोर्टल का लाभ केवल उन्हीं लोगों को मिलेगा, जिन्होंने साइबर ठगी की शिकायत पहले से राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) या हेल्पलाइन नंबर 1930 पर दर्ज कराई हो और उन्हें शिकायत का रजिस्टर्ड नंबर प्राप्त हुआ हो.
  • यह सुविधा सिर्फ उन मामलों में लागू होगी, जहां ठगों के बैंक खातों में संबंधित रकम को समय रहते फ्रीज या होल्ड कर दिया गया हो.
  • बता दें कि यदि ठग पहले ही पैसे निकाल चुके हैं, तो ऐसे मामलों में इस पोर्टल के माध्यम से रिफंड नहीं मिल सकेगा.

50,000 तक की होल्ड राशि के लिए नियम

यदि किसी एक बैंक खाते में साइबर ठगी से जुड़ी अधिकतम 50,000 रुपये तक की राशि होल्ड की गई है, तो पीड़ित को पैसा वापस पाने के लिए न तो FIR दर्ज कराने की जरूरत होगी और न ही किसी अदालत के आदेश की. केवल इंडेम्निटी बॉन्ड जमा करने के बाद संबंधित राशि सीधे पीड़ित के बैंक खाते में वापस भेज दी जाएगी, जिससे रिफंड प्रोसेस काफी आसान और तेज हो जाएगी.

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जब राशि 50,000 रुपये से अधिक हो

अगर साइबर ठगी की कुल होल्ड राशि 50,000 रुपये से ज्यादा है, लेकिन वह कई अलग-अलग बैंक खातों में बंटी हुई है और किसी भी एक खाते में 50,000 रुपये से अधिक रकम नहीं है तब भी पीड़ित को FIR या कोर्ट के आदेश की आवश्यकता नहीं होगी.

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