MP News: पति की हत्या केस में दूसरे नंबर पर MP, अब तक 36 पतियों को उतारा मौत के घाट, 12 हजार से ज्यादा ने मांगी मदद

MP News: मध्य प्रदेश में जनवरी से जून 2026 के बीच पति की हत्या के 36 मामले दर्ज हुए. आंकड़ों के आधार पर MP देश में दूसरे स्थान पर है. इसी दौरान पुरुष अधिकार हेल्पलाइन पर 12,577 कॉल आईं और 232 पुरुषों ने आत्महत्या की.
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भोपाल: मध्य प्रदेश में पुरुषों से जुड़े मामलों को लेकर सामने आए आंकड़ों ने नई बहस छेड़ दी है. पुरुष अधिकार संगठनों के अनुसार जनवरी से जून 2026 के बीच राज्य में पति की हत्या के 36 मामले दर्ज हुए हैं इसी आधार पर मध्य प्रदेश को देश में दूसरे स्थान पर बताया जा रहा है. पहले नंबर पर उत्तर प्रदेश है जहां इसी अवधि में 93 मामले सामने आए हैं.

हेल्पलाइन पर 12 हजार से ज्यादा कॉल

इन आंकड़ों के साथ ही वैवाहिक विवादों और पारिवारिक तनाव के चलते मदद मांगने वाले पुरुषों की संख्या में भी तेजी से इजाफा हुआ है. संगठनों द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक मध्यप्रदेश में बीते छह महीने में पति हत्या के 36 मामले सामने आए हैं. संगठनों का कहना है कि ऐसे मामलों में लगातार बढ़ोतरी चिंता का विषय है और इन्हें गंभीरता से लिए जाने की जरूरत है.

सोनम रघुवंशी कांड सबसे ज्यादा चर्चित

इसी अवधि में मध्यप्रदेश का सबसे चर्चित मामला इंदौर की सोनम रघुवंशी का रहा जिसने पूरे प्रदेश का ध्यान खींचा. पुरुष अधिकार कार्यकर्ताओं का मानना है कि सामाजिक और पारिवारिक दबाव के चलते ऐसे मामले बढ़ रहे हैं. वैवाहिक विवादों और घरेलू समस्याओं को लेकर पुरुषों द्वारा मदद मांगे जाने का ट्रेंड भी तेजी से बढ़ा है. आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2025 में मध्यप्रदेश से पुरुष अधिकार हेल्पलाइन पर 8,108 कॉल प्राप्त हुई थीं. वहीं 2026 में सिर्फ जून तक ही यह संख्या बढ़कर 12,577 तक पहुंच गई है.

क्या बनेगा पुरुष आयोग?

इन आंकड़ों के आधार पर अब राष्ट्रीय पुरुष आयोग के गठन की मांग एक बार फिर जोर पकड़ रही है. आंदोलन से जुड़े संगठनों का कहना है कि महिलाओं के लिए जिस तरह आयोग और संस्थाएं हैं उसी तरह पुरुषों के लिए भी एक मंच होना चाहिए जहां उनकी शिकायतों को सुना जा सके. उनका दावा है कि देशभर के करीब 70 एनजीओ और 10 से 12 हजार एक्टिविस्ट इस अभियान से जुड़े हैं और लगातार जागरूकता अभियान चला रहे हैं.

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