उद्योग प्रतिनिधियों ने मध्यप्रदेश की उद्योग-अनुकूल नीतियों, पर्याप्त कच्चे माल की उपलब्धता, बेहतर कनेक्टिविटी और विकसित हो रहे औद्योगिक बुनियादी ढांचे की सराहना करते हुए राज्य में निवेश की गहरी रुचि व्यक्त की.
CM Mohan Yadav On UCC: सीएम मोहन यादव ने यूसीसी को लेकर कहा कि अलग-अलग धर्मों के लोगों के लिए अलग-अलग पर्सनल लॉ नहीं होने चाहिए और कानून के तहत सभी के साथ एक जैसा व्यवहार होना चाहिए.
समिति द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट को अब विधि विभाग को सौंप दिया गया है. विभागीय परीक्षण और आवश्यक संशोधनों के बाद इसे वरिष्ठ सचिव समिति के समक्ष रखा जाएगा. इसके बाद मंत्रिपरिषद की मंजूरी मिलने पर आगामी मानसून सत्र में विधानसभा में विधेयक पेश किए जाने की संभावना है.
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कॉमन सिविल कोड को लेकर कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा, 'ये मुस्लिम, ये ईसाई, अलग-अलग कानून क्यों होना चाहिए? अगर रामचंद्र एक शादी करेगा तो दूसरे को चार क्यों करना चाहिए? क्या उन्हें करना चाहिए क्या?'
स्पेन, कनाडा, अमेरिका, यूके, जापान और दक्षिण कोरिया की बड़ीबड़ी कंपनियों ने एफडीआई के जरिए प्रदेश में ₹28,200 करोड़ से अधिक का निवेश किया है.
मुलाकात के बाद नरोत्तम मिश्रा ने कहा, कहा, '50 मिनट तक बातचीत हुई. इस दौरान दतिया उपचुनाव की जीत को लेकर चर्चा की गई. आशुतोष तिवारी बीजेपी के समर्पित कार्यकर्ता हैं. दतिया सीट अच्छे वोटों से जीतेंगे. मैं एक कार्यकर्ता की तरह चुनाव में प्रचार करूंगा.'
Ujjain-Jaora Greenfield Highway: कांग्रेस पर तंज कसते हुए सीएम ने कहा कि जो हम कहते हैं वो करके दिखाते हैं. पीएम नरेंद्र मोदी कहते हैं कि जिसकी हमने घोषणा की है उसका भूमिपूजन भी हम ही करेंगे. इसके बाद लोकार्पण भी हम ही करेंगे.
MP Cabinet Decisions: मध्य प्रदेश में आज यानी 8 जुलाई को सीएम मोहन यादव की अध्यक्षता में अहम कैबिनेट बैठक संपन्न हुई. इस बैठक में कई प्रस्तावों पर मुहर लगी है.
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने आज (सोमवार) डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर भोपाल में लालघाटी पर स्थित उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया. इस मौके पर उन्होंने कहा कि डॉ मुखर्जी ने आजादी के समय बनने वाले संविधान के भीतर की कमी को परिलक्षित करते हुए कहा था कि भारत एक निशान, एक प्रधान और एक विधान से चलना चाहिए. मध्य प्रदेश भी इसी महीने समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करने की दिशा में बढ़ रहा है.
2028 में विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में एक सिंहस्थ का आयोजन उज्जैन में होने जा रहा है. सूबे के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने गुरुवार को नर्मदा नदी परियोजना और सिंहस्थ की तैयारियों की समीक्षा बैठक के दौरान शिप्रा नदी के नाम को लेकर अधिकारियों को महत्वपूर्ण जानकारी दी.