Mauganj: जिले के जनपद पंचायत हनुमना के खटखरी ग्राम पंचायत एक बार फिर विवादों के केंद्र में है. आधी रात में जिला पंचायत ने पंचायत की DSC खोलने के आदेश दे दिए और अगले दिन खाते से 6 लाख रुपये गायब.
इस मामले की निष्पक्ष जांच और प्रभावी कार्रवाई न केवल चोरी का खुलासा करने के लिए, बल्कि जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए भी महत्वपूर्ण होगी.
Mauganj News: मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल विशेष टीम गठित कर संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी. त्वरित घेराबंदी के बाद समीर अंसारी (21 वर्ष), निवासी ग्राम हंसलो, थाना नईगढ़ी तथा ऐफाज मोहम्मद उर्फ सोनू (25 वर्ष), निवासी ग्राम सरवरा, थाना लौर को गिरफ्तार कर लिया गया.
Mauganj News: पुष्पेंद्र की उपलब्धि आज पूरे विंध्य क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है. उनकी सफलता यह संदेश देती है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत ईमानदारी से की जाए तो कोई भी कठिनाई सफलता का रास्ता नहीं रोक सकती.
Mauganj News: पंचायत भवन की हालत इतनी जर्जर बताई जा रही है कि छत और दीवारों को सुरक्षित रखने के लिए पन्नियां ताननी पड़ रही हैं.
Meta description Insert variable: सांसद जनार्दन मिश्रा ने कहा कि इस वर्ष सामान्य से कम वर्षा होने के कारण किसानों को ऐसी फसलों की ओर ध्यान देना चाहिए, जिन्हें कम पानी की आवश्यकता होती है. उन्होंने किसानों से कोदो, कुटकी, ज्वार, बाजरा, रागी सहित अन्य मोटे अनाज बोने की अपील करते हुए कहा कि ये फसलें जल संकट के समय किसानों के लिए सबसे भरोसेमंद विकल्प हैं.
Mauganj News: यह कोई फिल्मी कहानी नहीं, यह मऊगंज जिले का बिझौली गांव है. एक साधारण जर्जर कच्चा मकान. बाहर से सब कुछ सामान्य, लेकिन पुलिस जांच के मुताबिक, इसी घर के भीतर कथित रूप से करोड़ों रुपये के एमडी ड्रग्स नेटवर्क की नींव रखी गई थी.
Mauganj News: लगातार मिल रही शिकायतों के बाद मऊगंज कलेक्टर संजय कुमार जैन ने मामले को गंभीरता से लिया. अग्रणी बैंक के माध्यम से जिले की सभी बैंक शाखाओं को निर्देश जारी किए गए हैं कि ₹1, ₹2, ₹5 और ₹10 के सभी सिक्के भारतीय रिजर्व बैंक की वैध मुद्रा हैं और उन्हें स्वीकार करना अनिवार्य है.
आरोप है कि फूलों की सजावट, महाप्रसाद वितरण और टेंट व्यवस्था जैसे लाखों रुपये के खर्च का कोई प्रस्ताव पारित नहीं किया गया, लेकिन दो दिन बाद ही भुगतान संबंधी फाइलें आगे बढ़ गईं.
ग्रामीणों के मुताबिक, पिछले कई महीनों से इस मकान में संदिग्ध गतिविधियां चल रही थीं. देर रात लग्जरी और मालवाहक गाड़ियों का आना-जाना लगा रहता था. आसपास के लोगों को केमिकल की तेज बदबू आती थी, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि गांव के बीचोंबीच मौत की फैक्ट्री चल रही है.