Shatabdi Express

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कैसे पड़ा शताब्दी एक्सप्रेस का नाम, कब चली थी पहली ट्रेन? जानिए इतिहास

Shatabdi Express History: आपने कभी न कभी शताब्दी एक्सप्रेस का नाम जरूर सुना होगा. यह एक सुपरफास्ट ट्रेन होती है. इस ट्रेन में अक्सर वही सफर करता है, जो कम समय में लंबी दूरी तय करना चाहता है. शताब्दी ट्रेन की स्पीड बाकी ट्रेनों से कहीं ज्यादा होती है. यह ट्रेन अपनी तेज रफ्तार के साथ-साथ बेहतरीन सुविधाओं के लिए भी जानी जाती है. लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस ट्रेन का नाम 'शताब्दी एक्सप्रेस' कैसे पड़ा. आप सोच रहे होंगे कि इसका नाम बिना किसी खास वजह के ही रख दिया गया होगा, लेकिन आप गलत हैं. दरअसल, इसका नाम देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू से जुड़ा हुआ है. आइए जानते हैं कि शताब्दी एक्सप्रेस का नाम कैसे और क्यों पड़ा.

Window glass broke after stone pelting in Shatabdi Express.

मध्य प्रदेश में 10 दिनों में 2 बार शताब्दी एक्सप्रेस पर पथराव, ग्वालियर में ट्रेन को बनाया निशाना, तेज आवाज के साथ शीशे टूटे

ग्वालियर स्टेशन से छूटने के बाद बिरला नगर - रायरू स्टेशन के बीच शताब्दी एक्सप्रेस पर पथराव किया गया. कोच नंबर C 5 में अचानक कांच टूटने से विंडो सीट पर बैठे यात्री डर गए. हालांकि गनीमत रही कि कोई भी यात्री घायल नहीं हुआ.

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