मऊगंज पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल, एएसपी विक्रम सिंह परिहार को मिली इंदौर की जिम्मेदारी, शशिकांत सरयाम होंगे जिले के ASP
मऊगंज पुलिस महकमे में बड़ा फेरबदल
मऊगंज जिले के पुलिस प्रशासन में बड़ा बदलाव करते हुए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) विक्रम सिंह परिहार का स्थानांतरण इंदौर नगरीय क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के पद पर किया गया है. वहीं उनकी जगह शशिकांत सरयाम को मऊगंज जिले का नया अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है. सरयाम इससे पहले उप सेनानी, प्रथम वाहिनी राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल (रा.औ.सु.बल) रीवा के पद पर पदस्थ थे.
यह बदलाव केवल प्रशासनिक स्थानांतरण नहीं, बल्कि मऊगंज पुलिस व्यवस्था के लिए एक महत्वपूर्ण अध्याय के समापन और नए अध्याय की शुरुआत के रूप में देखा जा रहा है.
जब जिले पर था संकट, तब संभाली थी जिम्मेदारी
विक्रम सिंह परिहार की मऊगंज में पदस्थापना ऐसे समय में हुई थी, जब गडरा का वीभत्स हत्याकांड पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बना हुआ था. जिले की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठ रहे थे और पुलिस के सामने विश्वास बहाली की बड़ी चुनौती थी. ऐसे संवेदनशील दौर में उन्होंने मोर्चा संभालते हुए अपराध नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार सक्रिय भूमिका निभाई.
उनके नेतृत्व में पुलिस ने कई गंभीर मामलों में त्वरित कार्रवाई की और अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया. कानून व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ उन्होंने पुलिस और आमजन के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का भी प्रयास किया.
कर्तव्यनिष्ठ और अनुशासित अधिकारी के रूप में बनाई पहचान
अपने कार्यकाल के दौरान विक्रम सिंह परिहार ने एक सख्त लेकिन संवेदनशील पुलिस अधिकारी की छवि बनाई. जिले में अपराध नियंत्रण, विवादित मामलों के समाधान और पुलिसिंग में पारदर्शिता को लेकर उनकी कार्यशैली की सराहना होती रही.
पुलिस महकमे के भीतर भी उन्हें एक अनुशासित, कर्मठ और परिणामोन्मुख अधिकारी के रूप में देखा जाता है. उनकी सक्रियता और प्रशासनिक क्षमता का ही परिणाम रहा कि उन्हें हाल ही में भोपाल में प्रतिष्ठित “के.एफ. रुस्तम पुरस्कार” से सम्मानित किया गया, जो पुलिस सेवा में उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया जाता है.
अब शशिकांत सरयाम के हाथों में होगी कानून-व्यवस्था की कमान
मऊगंज के नए एएसपी के रूप में नियुक्त किए गए शशिकांत सरयाम के पास सुरक्षा एवं प्रशासनिक कार्यों का व्यापक अनुभव है. राज्य औद्योगिक सुरक्षा बल में सेवाएं देने के दौरान उन्होंने संगठनात्मक नेतृत्व और सुरक्षा प्रबंधन में अपनी दक्षता साबित की है.
अब जिले की कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और पुलिसिंग को नई दिशा देने की जिम्मेदारी उनके कंधों पर होगी. पुलिस विभाग के साथ-साथ जिले के लोगों को भी उनसे बेहतर और प्रभावी पुलिसिंग की उम्मीद है.
मऊगंज के लिए एक युग का अंत, नए दौर की शुरुआत
विक्रम सिंह परिहार की विदाई और शशिकांत सरयाम की नियुक्ति को मऊगंज पुलिस प्रशासन में एक बड़े बदलाव के रूप में देखा जा रहा है. एक ओर जहां जिले ने एक अनुभवी और सक्रिय अधिकारी को विदाई दी है, वहीं दूसरी ओर नए एएसपी के रूप में नई ऊर्जा और नई कार्यशैली का स्वागत करने की तैयारी है.
आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि शशिकांत सरयाम मऊगंज की चुनौतियों से किस प्रकार निपटते हैं और जिले की कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कौन-कौन से नए कदम उठाते हैं.