खड़ी सीढ़ियां और गहरी खाइयां! अगस्त में शुरू हो रही MP की ‘अमरनाथ यात्रा’
Nagdwar Yatra 2026: मध्य प्रदेश का अमरनाथ कही जाने वाली नागद्वार यात्रा को राज्य की सबसे कठिन धार्मिक यात्राओं में से एक माना जाता है. यह रहस्यमयी यात्रा प्रतिवर्ष सावन के महीने में नागपंचमी के दौरान केवल 10 से 11 दिनों के लिए ही खुलती है. पूरा यात्रा मार्ग सतपुड़ा टाइगर रिजर्व (STR) के कोर क्षेत्र में आने के कारण साल के बाकी दिनों में यहां प्रवेश पूरी तरह बंद रहता है. यही वजह है कि इन 10 दिनों में नाग देवता के दर्शन करने के लिए देश के कोने-कोने से भारी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं.
सतपुड़ा टाइगर रिजर्व के घने जंगलों और पचमढ़ी की खूबसूरत वादियों के बीच आयोजित होने वाला नागद्वारी मेला, मध्य प्रदेश के सबसे बड़े और प्रमुख धार्मिक उत्सवों में से एक है.
इस साल नागद्वार यात्रा की शुरुआत 7 अगस्त 2026 से हो रही है, जो 17 अगस्त 2026 तक चलेगी.
जानकारी के अनुसार, नागपंचमी पर लगने वाले ऐतिहासिक नागद्वारी मेले के लिए जिला प्रशासन ने भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं.
बता दें कि इस यात्रा में भक्तों को 7 ऊंचे पहाड़ों को पार करना होता है. बारिश का मौसम होने के कारण रास्ते बहुत फिसलन भरे होते हैं.
इस ट्रेक पर घोड़े, खच्चर या किसी भी प्रकार के वाहन ले जाने की अनुमति नहीं है. यह यात्रा पूरी तरह पैदल ही करनी होती है.
वहीं कुछ सीधे पहाड़ों पर चढ़ने के लिए लोहे की खड़ी सीढ़ियां लगाई गई हैं, जो बहुत रोमांचक और खतरनाक हैं.
ऊंचाई पर ऑक्सीजन की कमी या दुर्गंध से बचने के लिए कपूर (Camphor) साथ रखने की सलाह दी जाती है.
यात्रा के दौरान लगातार बारिश होती है, इसलिए रेनकोट, मजबूत ग्रिप वाले ट्रैकिंग जूते, पानी की बोतल और टॉर्च अवश्य साथ रखें.