सूर्यकुमार यादव की बेटी ने सुनाई गणेश वंदना, पीएम मोदी ने वीडियो किया शेयर
पीएम मोदी और सूर्यकुमार यादव के परिवार की मुलाकात
Suryakumar Yadav Daughter Video: भारतीय टी20 क्रिकेट टीम के स्टार खिलाड़ी सूर्यकुमार यादव और उनके परिवार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की. पीएम मोदी ने इस वीडियो भी शेयर किया है. इस मुलाकात के दौरान सूर्यकुमार यादव की बेटी ऋद्धिमा ने पीएम मोदी के सामने एक प्यारा सा भजन पीएम मोदी को गाकर सुनाया. वायरल हो रहे वीडियो में बच्ची को सुरीली आवाज में गणेश वंदना करते हुए दिखाई दे रही है. बच्ची द्वारा गाए गए भजन में भगवान गणेश के अलग-अलग स्वरूपों और महिमा का वर्णन किया गया है.
पीएम ने वीडियो किया शेयर
पीएम मोदी ने वीडियो शेयर करते हुए लिखा करते हुए लिखा है कैप्शन में लिखा है कि ‘दीपावली के माहौल में राम और सरयू का आगमन हुआ है. इससे दीपावली का वातावरण और भी पावन एवं दिव्य हो गया है.’ पीएम मोदी ने अपनी इस पोस्ट में भारतीय क्रिकेटर पूर्व कप्तान सूर्यकुमार यादव को भी टैग किया है.
दीपावली के माहौल में राम और सरयू का आगमन हुआ है। इससे दीपावली का वातावरण और भी पावन एवं दिव्य हो गया है। @surya_14kumar https://t.co/B6vwr35Iwm
— Narendra Modi (@narendramodi) November 6, 2026
सूर्यकुमार यादव की बेटी ने पीएम मोदी को कन्नड़ भाषा में गणेश वंदना सुनाई है. पीएम मोदी ताली बजाकर बच्ची का हौसला बढ़ाते हुए नजर आ रहे हैं. सूर्या आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 का गोल्ड मेडल पहन पीएम मोदी से मिलने पहुंचे थे. इस दौरान पीएम ने गोल्ड मेडल को पकड़कर भारत की ऐतिहासिक उपलब्धि को सेलीब्रेट किया.
पीएम मोदी ने दी धनतेसर की बधाई
इस मुलाकात में सूर्यकुमार यादव के साथ उनकी पत्नी देविशा शेट्टी भी मौजूद रहीं. आज धनतेरस के मौके पर पीएम मोदी ने देशवासियों को शुभकामनाएं भी दी है. उन्होंने लिखा कि ‘धनतेरस के पावन अवसर पर मैं सभी देशवासियों को असीम खुशियों की हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं. भगवान धन्वंतरि की विशेष कृपा से सभी का जीवन सुख, शांति और उत्तम स्वास्थ्य से परिपूर्ण रहे. हर घर में आनंद और उल्लास का दीपक निरंतर प्रज्वलित रहे, यही मेरी मंगलकामना है.’
पीएम मोदी लिखते है… ‘मैं आदि देव भगवान धन्वंतरि को नमन करता हूं, जिनके चरण कमलों की देवता और असुर दोनों ही वंदना करते हैं. वे ऐसे भगवान हैं जो विविध प्रकार की औषधियों के अधिष्ठाता हैं तथा इस संसार में बुढ़ापा, रोग, भय और मृत्यु जैसे दुखों का नाश करने वाले हैं.’



