बाबा महाकाल मंदिर में पुष्पा स्टाइल में रील बनाने का वीडियो सामने आया है. इस वीडियो में एक युवक ने पुष्पा फिल्म के नायक अल्लू अर्जुन की तरह नीली साड़ी पहन रखी है. युवक ने अपने पूरे शरीर को भी नीले रंग में रंगा हुआ है. तभी युवक मंदिर में मौजूद सुरक्षा कर्मियों के पास पहुंचता है. इस दौरान एक महिला सुरक्षा कर्मी भी युवक के साथ रील बनाती है.
Mahakal Mandir Bhasma Aarti: महाकाल मंदिर समिति ने एक दिन पहले मिलने वाली निशुल्क ऑफलाइन परमिशन को बंद कर दिया गया है. इसे ऑनलाइन व्यवस्था में बदल दिया गया है. पहले भस्मारती के लिए बुकिंग का समय तीन माह था, जिसे घटाकर एक महीने कर दिया गया है.
Ujjain Fake Officer: जानकारी के मुताबिक फर्जी अफसर बनकर उज्जैन पहुंचे अतुल कुमार के साथ 8 अन्य लोग भी आए थे. सबसे गजब बात है कि आरोपी ने अपनी इस करतूत के बारे में ना तो अपनी पत्नी को बताया था और ना ही दोस्तों और परिवार के सदस्यों से बात को साझा किया था.
Nushrat Bharucha Mahakal Mandir Controversy: उनकी फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं. जहां कुछ लोग मिली-जुली प्रतिक्रिया दे रहे हैं. वहीं मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने विरोध जताया है.
MP News: मंदिर पुजारी महेश शर्मा ने कहा कि उन्होंने मंदिर में पहने जानी वाली वेशभूषा के बारे में बताया था. पुजारी ने आरोप लगाते हुए कहा कि सुबह महावीरनाथ ने चोगा पहनकर और सिर पर फेंटा बांधकर गर्भगृह में प्रवेश किया. हमने उन्हें मंदिरों के नियमों के बारे में पहले ही जानकारी दे दी थी
Ujjain News: मध्य भारत में रागी को मंडुआ के नाम से जाना जाता है. इसे भारतीय पारंपरिक अनाजों में सबसे महत्वपूर्ण और पौष्टिक माना जाता है.
Diwali 2025: मंदिर समिति ने बताया है कि महाकाल मंदिर में 20 अक्टूबर को दीवाली मनाई जाएगी. इस दिन सबसे पहले भस्म आरती की जाएगी. इसके बाद अभ्यंग स्नान और आरती, संध्या आरती और शयन आरती की जाएगी. आरती के समय फुलझड़ी जलाकर दीवाली मनाई जाएगी
Ujjain News: गर्भगृह में प्रवेश को लेकर जिला कलेक्टर के आदेश को सही पाया है. फिलहाल जैसी स्थिति है, वैसी ही बनी रहेगी. इंदौर के एक वकील दर्पण अवस्थी ने इस बारे में जनहित याचिका लगाई थी
Ujjain News: बैठक में अहम निर्णय लिया गया है कि मंदिर में दान और भेंट से प्राप्त स्वर्ण एवं रजत सामग्री का मूल्यांकन कर उस पर क्यूआर कोडिंग की जाएगी
Mahakaleshwar Mandir: महाकालेश्वर मंदिर में जल चढ़ाने के लिए आए कावंड़ियों को विश्रामधाम, रैम्प, सभा मण्डपम में भगवान महाकाल को जल अर्पण करने की व्यवस्था होगी.