मध्य प्रदेश बीजेपी ने गुरुवार को प्रदेश सह मीडिया प्रभारियों का ऐलान किया है. इसके साथ ही प्रदेश प्रवक्ताओं और मीडिया पैनालिस्ट की लिस्ट भी जारी की है. मध्य प्रदेश बीजेपी ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर ट्वीट करके इसकी जानकारी दी है.
दावेदारों को आशंका है कि यदि वे एल्डरमैन बनते हैं तो आगामी नगरीय निकाय चुनाव में पार्षद टिकट मिलने में बाधा आ सकती है. यही वजह है कि कई संभावित उम्मीदवार पसोपेश में हैं. भाजपा हाईकमान ने अगले सप्ताह इन नामों की स्क्रूटनी करने का निर्णय लिया है.
मध्य प्रदेश भारतीय जनता पार्टी ने शनिवार को महिला पदाधिकारियों की लिस्ट जारी की है. इसमें बीजेपी की 38 महिला नेताओं के नाम शामिल हैं.
सूत्रों के मुताबिक दोनों ही राज्यों में अप्रैल या मई में विधानसभा चुनाव हो सकते हैं. असम में भाजपा की सरकार है, जबकि पश्चिम बंगाल में पार्टी मुख्य विपक्षी दल की भूमिका में है. ऐसे में भाजपा संगठन ने दूसरे राज्यों के नेताओं को भी चुनावी रणनीति में शामिल किया है.
प्रदेश भाजपा में संगठन महामंत्री का पद काफी महत्वपूर्ण माना जाता है. वर्तमान संगठन महामंत्री हितानंद शर्मा को हाल ही में प्रदेश का सह बौद्धिक शिक्षण प्रमुख बनाए जाने के बाद यह पद रिक्त हो गया है. इसके चलते नए नाम को लेकर अटकलें तेज हैं.
15 फरवरी को राज्यपाल मंगुभाई पटेल से भी प्रतिनिधियों की भेंट प्रस्तावित है. इन उच्चस्तरीय मुलाकातों को भाजपा संगठन राजनीतिक संदेश के रूप में देख रहा है कि पार्टी शासित राज्यों के ‘गवर्नेंस मॉडल’ को राष्ट्रीय स्तर पर साझा कर एक वैकल्पिक विकास नैरेटिव गढ़ना चाहती है.
इसके साथ ही संबंधित जिला अध्यक्षों की कार्यशैली, संवाद क्षमता और संगठन को साथ लेकर चलने की क्षमता का भी आकलन किया जा रहा है.
मध्य प्रदेश बीजेपी संगठन में शनिवार शाम बड़ा ऐलान किया गया. मध्य प्रदेश के 62 संगठन जिला प्रभारियों की नियुक्ति कर दी गई है.
इसके अलावा देश में महाराष्ट्र, राजस्थान, कर्नाटक और गोवा जैसे राज्य हैं, जहां संगठन महामंत्री के बिना ही व्यवस्थाएं चल रही हैं. संघ ने इन राज्यों में भी पद खाली होने के बाद किसी नए प्रचारक की नियुक्ति नहीं की.
हितानंद शर्मा की आरएसएस में जड़ें काफी मजबूत हैं. इसके अलावा ग्वालियर-चंबल अंचल में भी उनकी गहरी पकड़ है. उन्हें अच्छे कैडर मैनेजमेंट के लिए जाना जाता है.