उमा भारती के लिए चेन पुलिंग कर रोकी गई ट्रेन, झांसी स्टेशन पर 5 मिनट खड़ी रही पंजाब मेल, जानें क्या है मामला
उमा भारती (फाइल तस्वीर)
MP News: मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती और बीजेपी की फायर ब्रांड नेता उमा भारती की रविवार (12 अप्रैल 2026) को ट्रेन छूट गई. जब रेलवे अफसरों को इस बात का पता चला तो उनके हाथ-पांव फूल गए. आनन-फानन में ट्रेन को रोका गया. उमा भारती ट्रेन में सवार हुईं और रवाना हुईं, इसके बाद सभी ने राहत की सांस ली.
5 मिनट तक स्टेशन पर खड़ी रही ट्रेन
दिल्ली की ओर जाने वाली पंजाब मेल एक्सप्रेस झांसी के वीरांगना लक्ष्मीबाई रेलवे स्टेशन से ट्रेन रविवार को दोपहर 2.18 बजे पहुंची और समय से पहले रवाना हो गई. इसी ट्रेन से बीजेपी नेता उमा भारती को जाना था. ट्रेन की चेन पुलिंग की गई तो ट्रेन रुक गई. उमा भारती ट्रेन में सवार हुईं और रवाना हुईं. इस दौरान करीब 5 मिनट तक ट्रेन स्टेशन पर खड़ी रही.
1. आदरणीय रेल मंत्री जी,
— Uma Bharti (@umasribharti) April 12, 2026
मैंने पूर्व में मथुरा रेलवे स्टेशन की यात्रियों के प्रति संवेदनहीनता की बात लिखी है।
2. मेेरे साथ आज फिर झांसी रेलवे स्टेशन पर चढ़ते हुए एक घटना हो गई जिसमें कोई अपराधी नहीं है बल्कि स्टेशनों पर आधुनिक सुविधाओं के निर्माण में व्यावहारिक संवेदनशीलता का…
रेल मंत्री को लिखा पत्र
इस घटना के बाद उमा भारती ने सोशल मीडिया पर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखा. उन्होंने बताया कि मेरे साथ आज फिर झांसी रेलवे स्टेशन पर चढ़ते हुए एक घटना हो गई जिसमें कोई अपराधी नहीं है बल्कि स्टेशनों पर आधुनिक सुविधाओं के निर्माण में व्यावहारिक संवेदनशीलता का अभाव कारण बना है. उन्होंने आगे लिखा कि झांसी रेलवे स्टेशन के सीसीटीवी निकलवाए जाएं. मैं झांसी रेलवे स्टेशन पर ट्रेन आने के पहले आ गई थी और यह ट्रेन निर्धारित समय से पूर्व टाइम पर झांसी आ गई और निर्धारित समय से पूर्व प्रस्थान हो गई.
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‘हाथ ठेला ट्रैक पर फंसा हुआ था’
पोस्ट में उन्होंने लिखा कि मुझे बैटरी गाड़ी में बैठाकर प्लेटफॉर्म नंबर 1 से 4 नंबर की तरफ ले जाया जा रहा था. इतने में जिस ट्रैक को हमें पर करना था. उस पर से एक गाड़ी लंबे समय तक गुजरी और हम खड़े रहे फिर जब थोड़ा आगे बढ़े तो एक हाथ ठेला ट्रैक में फंसा हुआ था. उसको निकालने में मेरे सुरक्षाकर्मियों ने सहयोग किया फिर जब मैं 4 नंबर प्लेटफार्म पर पहुंची तथा जिस ट्रेन पंजाब मेल में मुझे बैठना था, वह चलती जा रही थी फिर किसने चेन खींची जिसका मुझे अंदाज नहीं है और मुझे ट्रेन में बैठा दिया गया.