MP News: दमोह रिश्वत कांड में जिला कोर्ट का बड़ा फैसला, परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह ठाकुर को अदालत ने सुनाई 4 साल की सजा
दमोह जिला सत्र न्यायलय
MP News: दमोह रिश्वत कांड मामले में बड़ा फैसला सामने आया है. एमपी के दमोह जिला सत्र न्यायालय ने 23 दिसंबर 2019 के रिश्वत कांड में तत्कालीन परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह ठाकुर को 4 साल के कारावास की सजा सुनाई है.
परियोना अधिकारी ने की थी रिश्वत की मांग
जानकारी के मुताबिक, साल 2019 में तेंदूखेड़ा महिला एवं बाल विकास विभाग की तत्कालीन परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ता भानुकुमारी गौंड, जो घुटरिया में पदस्थ थीं, को एक नोटिस जारी किया था. नोटिस पर कार्रवाई न करने के एवज में परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह द्वारा 6 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की गई थी. हालांकि आंगनवाड़ी कार्यकर्ता 6 हजार रुपये की राशि नहीं जुटा पाईं और सौदा 4 हजार रुपये में तय हुआ था.
इसी 4 हजार रुपये की घूस की राशि के साथ सागर लोकायुक्त टीम ने परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह को रंगे हाथों पकड़ा था, जिसके बाद उन्हें तेंदूखेड़ा थाने तलब किया गया था. इस मामले में आज 29 अप्रैल 2026 को जिला सत्र न्यायाधीश ने परियोजना अधिकारी को दोषी करार देते हुए 4 साल के कारावास की सजा सुनाई है.
अधिकारी ने बनाया दबाव
पीड़िता भानुकुमारी गौंड ने लोकायुक्त टीम को वे तमाम साक्ष्य उपलब्ध कराए, जिससे यह सिद्ध हो गया कि तत्कालीन परियोजना अधिकारी द्वारा लगातार दबाव बनाया जा रहा था. पीड़िता द्वारा दिए गए सभी सबूतों को पैरवी प्रभारी उपनिर्देशक अभियोजन धर्मेंद्र सिंह तारन ने सहायक जिला अभियोजन अधिकारी संजय कुमार रावत को सौंपा, जिसके बाद करीब 6 साल 4 महीने बाद पीड़िता भानुकुमारी गौंड को जिला सत्र न्यायालय से न्याय मिला.
कोर्ट ने सुनाई 4 साल की सजा
न्यायमूर्ति ने तत्कालीन परियोजना अधिकारी श्वेता सिंह ठाकुर को दोषी करार देते हुए 4 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई है. फैसला आने के तुरंत बाद दोषी श्वेता सिंह की अचानक तबीयत बिगड़ गई, जिन्हें दो महिला आरक्षकों की निगरानी में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है.
वहीं कानून के जानकारों का मानना है कि कोर्ट का फैसला आने के तुरंत बाद दोषी श्वेता सिंह की तबीयत बिगड़ना कहीं न कहीं कोर्ट को गुमराह करने की सोची-समझी साजिश हो सकती है.
ये भी पढे़ं- MP News: सिंगाजी ताप विद्युत परियोजना में दर्दनाक हादसा, कन्वेयर बेल्ट में फंसकर मजदूर की मौत, 28 लाख मुआवजा घोषित