Bhind: अश्लील वीडियो बनाकर बुजुर्ग को किया ब्लैकमेल, हनी ट्रैप गैंग का भंडाफोड़, 2 आरोपी गिरफ्तार
भिंड: हनी ट्रैप मामले में दो आरोपी गिरफ्तार
Bhind Crime News: भिंड जिले में हनीट्रैप के मामले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं. चार महीने के भीतर हनीट्रैप का दूसरा मामला सामने आने से इलाके में हड़कंप मच गया है. इस बार 52 साल के एक बुजुर्ग को कथित तौर पर हनीट्रैप के जाल में फंसाकर ब्लैकमेल करने और पांच लाख रुपये की मांग करने का मामला सामने आया है. पीड़ित का आरोप है कि आरोपियों ने पहले उसे एक महिला के जरिए अपने जाल में फंसाया, फिर उसके साथ बने शारीरिक संबंधों का वीडियो रिकॉर्ड कर लिया. इसके बाद वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने और एससी-एसटी एक्ट सहित दुष्कर्म के मामले में फंसाने की धमकी देकर रकम वसूली गई.देहात थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक महिला सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जबकि दो अन्य आरोपियों के फरार होने की जानकारी सामने आई है. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.
क्या है पूरा मामला?
पुलिस के मुताबिक, कथित हनीट्रैप की शुरुआत फोन कॉल से हुई. गैंग की महिला सदस्य बेबी जाटव ने बुजुर्ग को फोन कर उसे जीजा बताकर बातचीत शुरू की और धीरे-धीरे उसे अपने विश्वास में ले लिया. आरोप है कि योजना के तहत महिला ने 5 अक्टूबर को बुजुर्ग को सर्किट हाउस के पास मिलने के लिए बुलाया. इसके बाद महिला ने घर छोड़ने का बहाना बनाया. बुजुर्ग उसे बाइक से छोड़ने के लिए रछेड़ी रोड स्थित कृष्णा नगर पहुंचा. यहां महिला ने चाय पिलाने के बहाने उसे घर के अंदर बुला लिया. आरोप है कि इसी दौरान दोनों के बीच बने शारीरिक संबंधों का मोबाइल कैमरे से वीडियो रिकॉर्ड कर लिया गया.
अगले दिन यानी 6 अक्टूबर को कथित गैंग ने वीडियो के जरिए बुजुर्ग को ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया. वीडियो को अश्लील बताकर सोशल मीडिया पर वायरल करने और एससी-एसटी एक्ट तथा दुष्कर्म के मामले में फंसाने की धमकी दी गई. आरोपियों ने बुजुर्ग से पांच लाख रुपये की मांग की. घबराए बुजुर्ग ने कथित तौर पर महज दो घंटे के भीतर एक लाख रुपये नकद दे दिए, जबकि बाकी चार लाख रुपये बाद में देने का वादा किया लेकिन एक लाख रुपये देने के बाद भी कथित आरोपियों की मांग बंद नहीं हुई. बार-बार रुपये मांगे जाने से परेशान बुजुर्ग ने आखिरकार देहात थाने पहुंचकर पुलिस से शिकायत की.
4 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों को पकड़ने के लिए रणनीति तैयार की और पीड़ित को आगे की कार्रवाई में शामिल किया. इस दौरान बुजुर्ग का सामना उसके ही गांव का रहने बाला विश्वनाथ उर्फ विस्से से हुआ. इस मामले में राजीनामा कराने की पहल की. राजीनामा के तहत अपने घर भारौली रोड स्थित मकान पर बुलाया गया. जिसकी जानकारी बुजुर्ग ने टीआई शिवप्रताप को बताई. पुलिस की योजना के तहत बुजुर्ग को भारौली रोड स्थित विश्वनाथ उर्फ बिज्जू के घर भेजा गया. वहां विश्वनाथ, बबलू उपाध्याय और बेबी जाटव मौजूद मिले. बताया जा रहा है कि इसी दौरान विश्वनाथ ने बबलू उपाध्याय को किराने की दुकान से सामान लेने के लिए बाहर भेज दिया.
इधर, बुजुर्ग ने विश्वनाथ और बेबी जाटव के सामने रुपये मंगाने के बहाने अपने परिजनों के नाम पर पुलिस को फोन लगाया. सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी कर दबिश दी. पुलिस ने मौके से विश्वनाथ उर्फ बिज्जू और बेबी जाटव को गिरफ्तार कर लिया, जबकि बबलू उपाध्याय मौके से फरार हो गया. पुलिस ने मामले में गैंग से जुड़े विश्वनाथ और बेबी जाटव को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर साक्ष्य जुटाने और जांच शुरू करने की जानकारी दी है. पुलिस अब यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कहीं इस कथित गैंग ने इसी तरह दूसरे लोगों को भी अपना शिकार तो नहीं बनाया है.
फिलहाल, मामले में पुलिस की जांच जारी है.