CG High Court: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने रेप मामले में बड़ा फैसला सुनाया. कोर्ट ने कहा कि- बालिग और शादीशुदा महिला के साथ उसकी सहमति से बनाए गए शारीरिक संबंध को रेप नहीं माना जा सकता.
CG High Court: याचिकाकर्ता ने 29 मई 2024 को अभ्यावेदन दिया था. इसके बाद 7 जनवरी 2025 को स्मरण पत्र भी प्रस्तुत किया गया, लेकिन इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई. मामले की सुनवाई के दौरान राज्य पक्ष ने याचिकाकर्ता की मांग का विरोध नहीं किया और कहा कि अभ्यावेदन पर विधि अनुसार निर्णय लिया जाएगा.
CG News: छत्तीसगढ़ के युवाओं के लिए बड़ी खुशखबरी है. छत्तीसगढ़ में पुलिस कांस्टेबल भर्ती को लेकर हाईकोर्ट ने बड़ा फैसला दिया है. हाई कोर्ट ने पूरी भर्ती प्रक्रिया और फाइनल सलेक्शन लिस्ट को रद्द करने से इनकार कर दिया है. याचिकाकर्ताओं ने भर्ती रद्द करने और CBI जांच की मांग की थी.
मामले की सुनवाई के दौरान आरोपी की मृत्यु हो गई, जिसके बाद उनकी पत्नी ने कानूनी प्रतिनिधि के रूप में अपील को आगे बढ़ाया.
CG News: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने डॉ. भीमराव अंबेडकर मेमोरियल अस्पताल रायपुर में सीटी स्कैन और गामा कैमरे की खरीदी और स्थापना से संबंधित कथित भ्रष्टाचार के मामले में, दोषी कर्मियों के विरुद्ध FIR दर्ज करने की याचिका खारिज कर दी है.
CG Transfer News: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस की अनुशंसा पर रजिस्ट्रार जनरल ने प्रदेश के न्यायिक अधिकारियों का तबादला आदेश जारी किया है.
CG High Court: मामले के अनुसार, ग्राम हसौद, तहसील हसौद जिला सक्ती निवासी किसान लक्ष्मण कुमार चंद्रा ने अधिया (बटाई) के आधार पर खेती की थी. खरीफ सीजन 2025-26 में उनकी 3.78 हेक्टेयर कृषि भूमि किसान पोर्टल पर पंजीकृत थी. सहकारी समिति हसौद द्वारा उन्हें 196 क्विंटल धान बेचने के लिए टोकन भी जारी किया गया था.
CG High Court: सरकार ने कोर्ट को बताया कि फायर स्टेशन बनाने के लिए उपयुक्त जमीन नहीं मिल रही. कई जगह जो जमीन मिल रही है, वह शहर से बहुत दूर है, जिससे आपात स्थिति में रिस्पॉन्स टाइम बढ़ जाता है.
CG High Court: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने कोरबा में चाकू से हमला करने के मामले में दर्ज एफआईआर और चार्जशीट को रद्द करने की मांग वाली याचिका खारिज कर दी है.
CG High Court: अभियोजन के अनुसार, 2 जून 2013 को मरवाही थाना क्षेत्र के ग्राम धुम्माटोला में कमता प्रसाद पाठक उर्फ गन्नू की हत्या कर दी गई थी. आरोप था कि भवानी सिंह, जय सिंह और सुखसेन गोंड ने मिलकर हत्या की और शव को मिट्टी-पत्थर से ढंककर छिपा दिया.