MP Police Leave Online: सरकार ने छुट्टी से जुड़ी प्रक्रिया को आसान और पारदर्शी बनाने के लिए 1 जुलाई 2026 से प्रदेश के सभी जिलों और इकाइयों में पुलिसकर्मियों के लिए eHRMS (इलेक्ट्रॉनिक ह्यूमन रिसोर्स मैनेजमेंट सिस्टम) का e-लीव सिस्टम लागू कर दिया है.
MP News: अभिभावक द्वारा बच्चों को पढ़ाने की बात कहना उस समय भारी पड़ गया, जब कथित तौर पर नाराज शिक्षिका ने कक्षा में बैठे मासूम बच्चों को धक्का देकर बाहर निकाल दिया.
Tuition Teacher Harassment Case: पीड़ित छात्रा बहोड़ापुर थाना क्षेत्र के तिकोनिया इलाके की रहने वाली है और वर्तमान में कक्षा 10वीं में पढ़ रही है. जानकारी के अनुसार, जब छात्रा कक्षा चौथी में थी, तब उसके माता-पिता ने ब्रजेश धाकड़ नाम के एक शिक्षक को घर पर ट्यूशन पढ़ाने के लिए बुलाना शुरू किया था, ताकि उनकी बच्ची को अच्छी शिक्षा मिल सके.
Gwalior: ग्वालियर से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है. यहां पर अपनी सुहागरात के दिन ही दुल्हन छत से कूदकर भाग गई, बाद जो हुआ वह आप सोच भी नहीं सकते.
Rajgarh news: मध्य प्रदेश का राजगढ़ शहर इन दिनों चर्चा में बना हुआ है. यहां पर नगर पालिका अध्यक्ष को नगर पालिका के ही एक अस्थायी कर्मचारी ने धमकाया है.
Bhopal News: राजधानी भोपाल के नेहरू नगर स्थित शबरी नगर मल्टी में रहने वाले लोगों की जिंदगी लंबे समय से बुनियादी सुविधाओं के अभाव में गुजर रही है.
MP News: मुरैना शहर के वार्ड क्रमांक 46 स्थित न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी में जलभराव और जाम नाले की समस्या से रहवासी लंबे समय से परेशान हैं.
Sheopur News: विधायक बाबू जंडेल ने बताया कि उन्होंने किसी भी व्यक्ति से पैसे नहीं मांगे हैं. उनके मोबाइल नंबर से जो भी मैसेज भेजे गए हैं, वे पूरी तरह फर्जी हैं. उन्होंने कहा कि साइबर अपराधी लोगों को धोखा देने के लिए इस तरह के नए-नए तरीके अपना रहे हैं, इसलिए सभी को सतर्क रहने की आवश्यकता है.
Raja Raghuvanshi murder Case: इंदौर के ट्रांसपोर्ट कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या के करीब एक साल बाद पत्नी सोनम रघुवंशी को निचली अदालत से 27 अप्रैल 2026 को जमानत मिल गई थी. मेघालय की सरकार ने इस फैसले के खिलाफ हाई कोर्ट में याचिका दायर की थी.
Sheopur News: शिक्षकों का कहना है कि जिले के अधिकांश स्कूल छोटे-छोटे गांवों और दूरदराज़ के इलाकों में संचालित हैं. जहां रहने की समुचित व्यवस्था नहीं है. मजबूरी में अधिकांश शिक्षक कस्बों और शहरों से प्रतिदिन लंबी दूरी तय कर विद्यालय पहुंचते हैं.